लवदीप सिंह

Cyprus
गेंदबाज़

लवदीप सिंह के बारे में

नाम
लवदीप सिंह
जन्मतिथि
17 अक्टूबर 1998
उम्र
27 वर्ष, 10 महीने, 11 दिन
जन्म स्थान
-
रोल
गेंदबाज़
बल्लेबाजी स्टाइल
दाएं हाथ का बल्लेबाज
गेंदबाजी स्टाइल
दाएं हाथ का मध्यम गेंदबाज

लवदीप सिंह की प्रोफाइल

लवदीप सिंह का जन्म अक्टूबर 17, 1998 को हुआ। इस गेंदबाज़ खिलाड़ी ने अब तक Cyprus, Sher-e-Punjab, Al Fatah की ओर से क्रिकेट खेला है।

लवदीप सिंह की आईसीसी रैंकिंग

TestODIT20I
बल्लेबाजी001863
गेंदबाजी00704

लवदीप सिंह के करियर आँकड़े

बल्लेबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
M00110000
Inn0040000
NO0010000
Runs0040000
HS--2*----
Avg001.330000
BF0090000
SR0044.440000
1000000000
500000000
6s0000000
4s0000000

गेंदबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
M00110000
Inn00110000
O00330000
Mdns0000000
Balls001980000
Runs002420000
W00100000
Avg0024.20000
Econ007.330000
SR0019.80000
5w0000000
4w0000000

क्षेत्ररक्षण आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
Catches0020000
Stumps0000000
Run Outs0020000

लवदीप सिंह के डेब्यू/अंतिम मैच

T20I MATCHES
डेब्यू
Cyprus vs Croatia on Aug 7, 2025
आखिरी
Cyprus vs Switzerland on May 20, 2026

Frequently Asked Questions (FAQs)

लवदीप सिंह ने वनडे में कितनी बार पांच विकेट लिए हैं?

0 बार

लवदीप सिंह ने टी20 इंटरनेशनल में कितने विकेट लिए हैं?

10 विकेट

लवदीप सिंह के नाम आईपीएल में कितने विकेट हैं?

0

लवदीप सिंह का जन्म कब हुआ?

17 अक्टूबर 1998

न्यूज अपडेट्स

sonal dinusha
SportsTak
Fri - 28 Aug 2026

भारत की रक्षात्मक स्टाइल का श्रीलंका ने उठाया फायदा, सोनल ने पलटा मैच

भारतीय क्रिकेट टीम ने मैच के पहले सत्र में एक defensive mindset के साथ शुरुआत की। श्रीलंका के बल्लेबाज Sunal Dinusha और निचले क्रम के बल्लेबाजों (Nuwantha, Jayasuriya, Kumara, Fernando) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए भारतीय गेंदबाजों का सामना किया। Sunal Dinusha ने नाबाद 133 रनों की बेहतरीन पारी खेली और सीरीज में 700 से अधिक गेंदें खेलीं। कप्तान और कोचिंग स्टाफ की defensive फील्ड सेटिंग, जिसमें अटैकिंग फील्डर्स की कमी थी, ने श्रीलंकाई पुछल्ले बल्लेबाजों को आसानी से सिंगल लेने और रन बनाने का मौका दिया। जडेजा और मानव सुथार जैसे स्पिनर्स के प्रभावहीन रहने के कारण पहला सत्र पूरी तरह श्रीलंका के पक्ष में रहा और भारत के हाथ से मैच फिसल गया।