Shrutiben Rana

Qatar Women
बल्लेबाज़

Shrutiben Rana के बारे में

नाम
Shrutiben Rana
जन्मतिथि
23 जुलाई 2005
उम्र
20 वर्ष, 11 महीने, 29 दिन
जन्म स्थान
-
रोल
बल्लेबाज़
बल्लेबाजी स्टाइल
दाएं हाथ का बल्लेबाज
गेंदबाजी स्टाइल
दाएं हाथ का मध्यम गेंदबाज

Shrutiben Rana की प्रोफाइल

Shrutiben Rana बल्लेबाज़ हैं। जुलाई 23, 2005 को जन्मे Shrutiben Rana अब तक Qatar Women, Qatar Women Under-19 जैसी टीमों के साथ खेल चुके हैं।

Shrutiben Rana की आईसीसी रैंकिंग

TestODIT20I
बल्लेबाजी00407
गेंदबाजी000

Shrutiben Rana के करियर आँकड़े

बल्लेबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IWPLFirst ClassList ADomestic T20
M00310000
Inn00310000
NO0040000
Runs003010000
HS--57*----
Avg0011.150000
BF004480000
SR0067.190000
1000000000
500010000
6s0010000
4s00240000

गेंदबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IWPLFirst ClassList ADomestic T20
M00310000
Inn0010000
O0010000
Mdns0000000
Balls0060000
Runs0050000
W0000000
Avg0000000
Econ0050000
SR0000000
5w0000000
4w0000000

क्षेत्ररक्षण आँकड़े

FormatTestODIT20IWPLFirst ClassList ADomestic T20
Catches0050000
Stumps0010000
Run Outs0020000

Shrutiben Rana के डेब्यू/अंतिम मैच

T20I MATCHES
डेब्यू
Qatar Women vs Nepal Women on Nov 18, 2021
आखिरी
Qatar Women vs Bhutan Women on Jun 6, 2026

Frequently Asked Questions (FAQs)

Shrutiben Rana ने टी20 इंटरनेशनल डेब्यू कब किया था?

18 नवंबर 2021

Shrutiben Rana ने अभी तक वनडे में कितने शतक लगाए हैं?

0 शतक

Shrutiben Rana का वनडे क्रिकेट में सर्वोच्च स्कोर कितना है?

0 रन

न्यूज अपडेट्स

live debate
SportsTak
Wed - 22 Jul 2026

INDvsZIM सीरीज को लेकर श्रेयस पर दबाव, कप्तानी गंवाने का है खतरा

स्पोर्ट्स का अड्डा के इस एपिसोड में भारतीय टी20 टीम की कप्तानी, आयरलैंड और इंग्लैंड सीरीज के नतीजों तथा जिम्बाब्वे दौरे के दबाव पर चर्चा की गई है. कार्यक्रम में कप्तान के प्रदर्शन, जीत का खाता न खुलने और नतीजों के लिए जवाबदेही का विश्लेषण किया गया है. टीम संयोजन और चयन प्रक्रिया के तहत तेज गेंदबाजी वाली परिस्थितियों में तीन स्पिनरों को खिलाने और खिलाड़ियों को लगातार मौके न देने के पैटर्न पर सवाल उठाए गए हैं. 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज को इंग्लैंड में डेब्यू कराने और चार मैचों बाद बाहर करने, तथा टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी रहे सीनियर विकेटकीपर-बल्लेबाज को हटाने की नीति पर बात की गई है. इसके अलावा, मुख्य कोच की जिम्मेदारी, नए टी20 और वनडे कप्तान का कार्यकाल, उपकप्तान का चयन, मध्यक्रम, ऑलराउंडरों को प्राथमिकता और विशेषज्ञ गेंदबाजों के उपयोग पर चर्चा हुई है. अंत में, सोशल मीडिया के दबाव, टीम प्रबंधन की समीक्षा बैठक और 2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों के मद्देनजर कप्तानी के भविष्य पर विचार किया गया है.

vaibhav Q &A
SportsTak
Wed - 22 Jul 2026

Q&A: क्या वैभव सूर्यवंशी जिम्बाब्वे सीरीज से मचा पाएंगे धमाल या बढ़ेगा इंतजार

स्पोर्ट्स तक लाइव क्यूएनए में भारत-जिम्बाब्वे की तीन मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज पर चर्चा की गई. इसमें एक युवा सलामी बल्लेबाज की परीक्षा का विश्लेषण हुआ, जिनके इंग्लैंड में 13, 14 और 15 रन के स्कोर तथा शॉर्ट गेंद के खिलाफ टाइमिंग पर सवाल उठे हैं. जिम्बाब्वे की परिस्थितियां इंग्लैंड जैसी होने के कारण उनसे दो प्रभावी पारियों की जरूरत बताई गई. कार्यक्रम में संभावित प्लेइंग-11, बल्लेबाजी क्रम और गेंदबाजी संयोजन पर बात हुई. मध्यक्रम में विकेटकीपर-बल्लेबाज, कप्तान, फिनिशर और दो ऑलराउंडर विकल्पों के संतुलन को परखा गया. पांचवें गेंदबाज का कोटा पूरा करने वाले खिलाड़ियों की भूमिका, तेज गेंदबाजों का चयन (गति, इकॉनमी और नेट्स प्रदर्शन), और स्पिनरों के इस्तेमाल पर चर्चा की गई. इसके अतिरिक्त, विपक्षी कप्तान के बयान, लंबी बाउंड्री, शुरुआती बढ़त मिलने पर रिजर्व खिलाड़ियों को मौका देने और सीरीज जीतने के दबाव जैसे विषयों को भी शामिल किया गया.

shreyas PC
SportsTak
Wed - 22 Jul 2026

INDvsZIM:श्रेयस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सूर्यवंशी,जीत की तलाश और टीम पर क्या कहा

भारत-जिम्बाब्वे टी20 सीरीज के पहले मुकाबले से पहले हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय कप्तान ने इंग्लैंड और आयरलैंड में मिली हार को टीम के लिए रियलिटी चेक बताया। उन्होंने कहा कि विदेशी परिस्थितियों के अनुसार ढलना समूह की प्रमुख सीख रही और हार के बाद खिलाड़ियों को आगे की टीम तैयार करने की दिशा समझ आई। पहले मैच के संयोजन पर कोई संकेत नहीं दिया गया, क्योंकि टीम हाल में जिम्बाब्वे पहुंची और अभ्यास के बाद विकल्पों पर चर्चा होनी है। युवा बल्लेबाजों और गेंदबाजों के संदर्भ में कप्तान ने अभ्यास, कमियों को सुधारने और असफलता के डर के बिना खेलने की बात रखी। जिम्बाब्वे की परिस्थितियों और मेजबान खिलाड़ियों को हल्के में न लेने पर भी जोर दिया गया। चोट से वापसी को आत्मविश्वास और रिकवरी की समझ से जोड़ा गया। पहला टी20 मुकाबला 23 जुलाई को भारतीय समयानुसार शाम 4:30 बजे होना है।

agenda
SportsTak
Wed - 22 Jul 2026

Agenda: टीम इंडिया की पहली जीत के लिए जिम्बाब्वे में क्या होगी रणनीति

भारत के जिम्बाब्वे दौरे से पहले इस चर्चा में टीम संयोजन, कप्तानी और आगामी टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज पर बात की गई है. हरारे की पिच और जिम्बाब्वे की गेंदबाजी के मद्देनजर संभावित प्लेइंग इलेवन, सलामी जोड़ी, मध्यक्रम, विकेटकीपर और फिनिशर की जगह पर विचार किया गया. गेंदबाजी में तीन तेज गेंदबाजों या दो स्पिनरों के चयन और पांचवें गेंदबाज के रूप में ऑलराउंडरों की भूमिका पर चर्चा हुई. आयरलैंड और इंग्लैंड में हार के बाद कप्तान के रिकॉर्ड, मुख्य कोच की भूमिका और चयनकर्ताओं की जिम्मेदारी का विश्लेषण किया गया. दोनों टीमों के टी20 अनुभव (844 बनाम 393 मुकाबले) की तुलना की गई. घरेलू क्रिकेट और आईपीएल प्रदर्शन के आधार पर नए खिलाड़ियों को परखने, फिटनेस मानकों, रिहैब, कार्यभार प्रबंधन और नियमित खिलाड़ियों को आराम देने की नीति पर सवाल रखे गए. चयन प्रक्रिया को 2027 विश्व कप और 2028 ओलंपिक की दीर्घकालिक तैयारियों से जोड़ा गया. हार की स्थिति में समीक्षा बैठक, टी20 कप्तानी की अनिश्चितता और आगामी मैच में जीत की संभावनाओं पर जानकारी दी गई है.

COE
SportsTak
Wed - 22 Jul 2026

टीम इंडिया की फिटनेस पर संकट, बढ़ती चोटें, वर्कलोड मैनेजमेंट और सिस्टम पर सवाल

इस बुलेटिन में टीम इंडिया के खिलाड़ियों की बढ़ती चोटों, फिटनेस जांच और वर्कलोड प्रबंधन पर सवाल उठाए गए हैं। बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में करीब दर्जनभर खिलाड़ियों की मौजूदगी, आगामी टेस्ट सीरीज से पहले होने वाले फिटनेस टेस्ट और चयनकर्ताओं को भेजी जाने वाली रिपोर्ट का जिक्र है। बुलेटिन में हैमस्ट्रिंग समस्याओं, स्ट्रेस फ्रैक्चर, अधूरी फिटनेस में खेलने की अनुमति और मेडिकल टीम व टीम मैनेजमेंट के बीच संवाद की कमी से जुड़े दावे रखे गए हैं। एक खिलाड़ी पर 140 किमी प्रति घंटे की गेंदबाजी का दबाव डालने, दूसरे को पूरी फिटनेस से पहले मैदान में उतारने और एक अन्य खिलाड़ी को जल्द टीम से जोड़ने की बात भी कही गई है। साथ ही फील्डिंग, कैच छोड़ने और आगामी वनडे विश्व कप की तैयारी पर इन चोटों के असर का मुद्दा उठाया गया है। इन दावों पर आधिकारिक पुष्टि नहीं होने की बात भी स्पष्ट की गई है।