Keki Tarapore

India
Bowler

Keki Tarapore के बारे में

नाम
Keki Tarapore
जन्मतिथि
17 दिसम्बर 1910
आयु
115 वर्ष, 04 महीने, 07 दिन
जन्म स्थान
India
रोल
Bowler
बल्लेबाजी स्टाइल
Right Handed
गेंदबाजी स्टाइल
Slow left-arm orthodox

Keki Tarapore की प्रोफाइल

Keki Tarapore का जन्म Dec 17, 1910 को हुआ। इस bowler खिलाड़ी ने अब तक India की ओर से क्रिकेट खेला है।

Keki Tarapore की आईसीसी रैंकिंग

TestODIT20I
बल्लेबाजी000
गेंदबाजी000

Keki Tarapore के करियर आँकड़े

गेंदबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
M10003900
Inn10006300
O19.000.000.000.001314.000.000.00
Mdns200042200
Balls1140001051900
Runs72000418700
W000014800
Avg0.000.000.000.0028.000.000.00
Econ3.000.000.000.002.000.000.00
SR0.000.000.000.0071.000.000.00
5w0000500
4w00001100

बल्लेबाजी आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
M10003900
Inn10004400
NO0000600
Runs200043900
HS20004200
Avg2.000.000.000.0011.000.000.00
BF0000000
SR0.000.000.000.000.000.000.00
1000000000
500000000
6s0000000
4s0000000

क्षेत्ररक्षण आँकड़े

FormatTestODIT20IIPLFirst ClassList ADomestic T20
Catches00001600
Stumps0000000
Run Outs0000000

Keki Tarapore का डेब्यू/आखिरी मैच

TEST MATCHES
डेब्यू
India vs West Indies on Nov 10, 1948
आखिरी
India vs West Indies on Nov 10, 1948

टीमें

न्यूज अपडेट्स

shardul
SportsTak
Fri - 24 Apr 2026

MI vs CSK: क्या शार्दुल ठाकुर को गलत तरीके से कन्कशन सब्सटीट्यूट बनाया गया

चेन्नई सुपर किंग्स और मुंबई इंडियंस के बीच खेले गए मुकाबले में चेन्नई ने जीत दर्ज की, लेकिन मैच में कनकशन सब्स्टीट्यूट नियम के इस्तेमाल पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। मैच के दौरान एक कैच पकड़ते समय एक खिलाड़ी के कंधे में चोट लग गई थी। इसके बावजूद उन्हें कनकशन सब्स्टीट्यूट नियम के तहत बाहर कर उनकी जगह एक अन्य खिलाड़ी को मैदान पर उतारा गया। आईपीएल के नियमों के अनुसार कनकशन सब्स्टीट्यूट का इस्तेमाल केवल सिर या गर्दन की चोट के लिए किया जा सकता है। टीम के मुख्य कोच ने स्पष्ट किया कि खिलाड़ी को पहले सिर और गर्दन पर चोट लगी थी और स्कैन के बाद उन्हें चक्कर आ रहे थे। कोच के अनुसार यह पूरी तरह से मैच रेफरी और अंपायर का फैसला था। हालांकि, एक स्पिनर की जगह तेज गेंदबाज को भेजने और कंधे की चोट के बावजूद इस नियम के इस्तेमाल को लेकर अंपायर के फैसले पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। इस मैच में चेन्नई ने 207 रन बनाकर जीत हासिल की।