भारतीय तीरंदाजी को नया सुपरस्टार मिल गया है. पिछले दो दिन में रिकर्व आर्चरी में वो हुआ, जिसका इंतजार सालों से किया जा रहा था. बीते दिन भारतीय महिला रिकर्व टीम ने 10 बार की ओलिंपिक चैंपियन साउथ कोरिया को हराकर पहली बार एशियन गेम्स में गोल्ड जीता. अंकिता भकत, कीर्ति एवं कुमकुम मोहोद की तिकड़ी ने 48 साल बाद रिकर्व में भारत को पहला गोल्ड दिलाया. उस दिन के अगले दिन यानी 3 अक्टूबर को कुमकुम मोहोद ने फिर से इतिहास रचा.अमरावती की 17 साल की खिलाड़ी ने शनिवार को रोमांचक शूट-ऑफ में साउथ कोरिया की ओह येजिन को हराकर एशियन गेम्स के इतिहास में भारत की पहली रिकर्व चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया.साथ ही उन्होंने 2028 के लॉस एंजिलिस ओलिंपिक के लिए भारत का कोटा भी पक्का कर लिया.
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इस खेल के सबसे मुश्किल कॉन्टिनेंटल इवेंट में किसी भी भारतीय महिला ने रिकर्व में कभी कोई व्यक्तिगत मेडल नहीं जीता था. यहां तक कि मैंस कैटेगरी में भी कोई व्यक्तिगत मेडल नहीं जीता था. साल 2010 में तरुणदीप राय में व्यक्तिगत सिल्वर जीता था. 1978 में एशियन गेम्स का हिस्सा रिकर्व आर्चरी में इससे पहले भारत ने कुल छह मेडल जीते.
2010 तरुणदीप राय ( इंडिविजुअल सिल्वर)
2010 डोला बनर्जी,रिमिल बुरीउली,दीपिका कुमारी (वीमेंस टीम इवेंट, ब्रॉन्ज )
2006 मंगल सिंह चंपिया,तरुणदीप राय,जयंत तालुकदार, विश्वास (मैंस टीम इवेंट का ब्रॉन्ज)
2022 धीरज बोम्मादेवरा,अतनु दास, तुषार शेल्के (मैंस टीम इवेंट का सिल्वर)
2022 अंकिता भक्त,भजन कौर, सिमरनजीत कौर (वीमेंस टीम इवेंट, ब्रॉन्ज )
2026 अंकिता भकत, कीर्ति एवं कुमकुम मोहोद (मेंस टीम इवेंट, गोल्ड)
कुमकुम का कैसा रहा डेब्यू
कुमकुम ने अपने पहले एशियाड में ही गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया.वह आइची-नागोया से एक व्यक्तिगत गोल्ड, एक टीम गोल्ड और एक मिक्स्ड टीम सिल्वर मेडल लेकर लौटेंगी. फाइनल में शूट-ऑफ में भारतीय टीनएजर के 10-पॉइंट वाले शॉट ने इस ऐतिहासिक जीत पर मुहर लगा दी. कुमकुम ने शानदार परफॉर्मेंस से कई दिग्गज महिला खिलाड़ियों को हराया, जिनमें साउथ कोरिया की कांग चेयॉन्ग (मौजूदा वर्ल्ड चैंपियनशिप चैंपियन और टोक्यो ओलिंपिक मेडलिस्ट) और चीन की झू जिंगयी (वर्ल्ड चैंपियनशिप सिल्वर मेडलिस्ट) शामिल थीं.
कुमकुम ने टीम इवेंट्स वाला अपना शानदार फ़ॉर्म जारी रखा.शुक्रवार को जब भी भारत को मैच में बने रहने या फाइनल जीतने के लिए एक अच्छे शॉट की जरूरत थी, उन्होंने सेट के आखिरी शॉट्स में 10-पॉइंट हासिल किए.शनिवार को क्वार्टर-फ़ाइनल में उन्होंने अपने आखिरी शॉट पर 10-पॉइंट हासिल करके पांचवें सेट में बराबरी की, मैच जीता और कांग को 6-4 (29-28, 27-28, 28-27, 29-29, 28-28) से हराया.जिंगयी के खिलाफ, जिन्होंने सेमी-फ़ाइनल की शुरुआत 8-पॉइंट के साथ की थी, कुमकुम का दबदबा ज़्यादा रहा और उन्होंने 6-2 (28-27, 30-30, 29-29, 29-28) की जीत के दौरान एक भी सेट नहीं गंवाया.
कौन हैं कुमकुम?
10 मार्च 2009 को महाराष्ट्र में जन्मीं कुमकुम मोहोद ने बैंकॉक में 2025 एशिया कप में पहली बार हिस्सा लिया था और यहीं से उनका सफर शुरू हुआ. उन्होंने 2026 की राष्ट्रीय टीम के चयन के लिए हुए ट्रायल्स में अच्छा प्रदर्शन किया और 2026 आर्चरी वर्ल्ड कप के प्यूब्ला लेग के दौरान आर्चरी वर्ल्ड कप में अपना डेब्यू किया. मई में कुमकुम ने अंकिता भकत और दीपिका कुमारी के साथ मिलकर वर्ल्ड कप के शंघाई लेग में महिलाओं की टीम इवेंट में साउथ कोरिया और चीन को हराकर गोल्ड मेडल जीता.उसी महीने बाद में उन्होंने 2026 एशियन गेम्स में देश का प्रतिनिधित्व करने के लिए क्वालिफ़ाई किया. उन्हें 2026 आर्चरी वर्ल्ड कप के आखिरी दो चरणों में हिस्सा लेने के लिए भी चुना गया था. जून में वर्ल्ड कप के अंताल्या चरण में कुमकुम ने धीरज बोम्मादेवरा के साथ मिलकर रिक्रूव मिक्स्ड टीम इवेंट में दक्षिण कोरिया को फाइनल में हराकर गोल्ड मेडल जीता. शंघाई मेंआर्चरी वर्ल्ड कप 2026 के दूसरे चरण में कुमकुम ने दीपिका कुमारी और अंकिता भकत के साथ मिलकर 2021 के बाद से इस इवेंट में भारत के लिए महिलाओं की रिकर्व आर्चरी टीम का पहला गोल्ड मेडल जीता. शंघाई में जिस धनुष का इस्तेमाल किया था, वह पांच साल पुराना सेकंड-हैंड बो था, जिसे उन्होंने 2021 में खरीदा था.
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय आर्चर ने कितने मेडल जीते
एशियन गेम्स 2026 में भारत के तीरंदाजों का अब तक प्रदर्शन जबरदस्त रहा है. आर्चरी में भारत ने सबसे ज्यादा पांच गोल्ड जीते. पांच गोल्ड, दो सिल्वर और एक ब्रॉन्ज समेत कुल आठ अभी तक जीत लिए हैं.कंपाउंड इवेंट में भारत ने क्लीन स्वीप किया. पुरुष टीम, महिला टीम और मिक्स्ड टीम इवेंट तीनों में भी भारत ने गोल्ड जीता.टीजी मणि रत्नम ने मैंस इंडिविजुअल कंपाउंड में ब्रॉन्ज जीता. वहीं रिकर्व में कुमकुम ने महिला व्यक्तिगत कैटेगरी का गोल्ड जीता. इसके अलावा भारतीय महिला टीम ने भी गोल्ड पर निशाना साधा. मैंस रिकर्व टीम और मिक्स्ड रिकर्व ने भी सिल्वर अपने नाम किया.
एशियन गेम्स 2026 में आर्चरी में भारत का दबदबा
कभी साउथ कोरिया, चीन का जिस आर्चरी में दबदबा रहता है. आज उस खेल में भारत का दबदबा है. भारत सबसे ज्यादा आठ मेडल जीतकर एशियाड 2026 के आर्चरी में सबसे ऊपर है. साउथ कोरिया ने भी भारत के बराबर आठ मेडल जीते हैं, मगर गोल्ड के मामले में भारत साउथ कोरिया से काफी आगे है. भारत ने साउथ कोरिया की तुलना में तीन गोल्ड ज्यादा जीते हैं.
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