'दूसरों से भी ऐसी बात न कहें, अगर आप...', फर्नांडो से लड़ाई के बाद जायसवाल पर भड़के जडेजा, भारतीय ओपनर को दी चेतावनी

कोलंबो टेस्ट के पहले सेशन में फर्नांडो ने जायसवाल को 45 रन पर आउट किया. इससे पहले फर्नांडो के एक ओवर में बाएं हाथ के बल्लेबाज जायसवाल ने तीन बाउंड्री लगाई थीं. जब जायसवाल पवेलियन लौट रहे थे तो फर्नांडो ने उन्हें कुछ कहा (send-off दिया), जिससे भारतीय ओपनर पलटकर गेंदबाज के सामने आ गए.

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India's Yashasvi Jaiswal

कोलंबो टेस्ट के पहले द‍िन यशस्वी जायसवाल और अस‍िथा फर्नांडो की बहस हो गई थी. (PC: Getty)

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कोलंबो टेस्ट के पहले द‍िन यशस्वी जायसवाल और अस‍िथा फर्नांडो की बहस हो गई थी.

बहस में जायसवाल का हेलमेट फर्नांडो के माथे से टकरा गया था.

कोलंबो में दूसरे टेस्ट के पहले दिन श्रीलंका के तेज गेंदबाज असिथा फर्नांडो के साथ यशस्वी जायसवाल की तीखी बहस हुई.भारत के पूर्व ऑलराउंडर अजय जडेजा ने इस पर नाराजगी जताई और युवा ओपनर को चेतावनी दी कि शारीरिक संपर्क (physical contact) एक खतरनाक सीमा पार करने जैसा है. कोलंबो टेस्ट के पहले सेशन में फर्नांडो ने जायसवाल को 45 रन पर आउट किया. इससे पहले फर्नांडो के एक ओवर में बाएं हाथ के बल्लेबाज जायसवाल ने तीन बाउंड्री लगाई थीं. जब जायसवाल पवेलियन लौट रहे थे तो फर्नांडो ने उन्हें कुछ कहा (send-off दिया), जिससे भारतीय ओपनर पलटकर गेंदबाज के सामने आ गए.  

5 मैचों के सस्पेंशन से लेकर लाइफटाइम बैन तक, जायसवाल पर ICC की सजा का खतरा

मामला बढ़ गया और दोनों खिलाड़ियों के बीच तीखी बहस हुई. जायसवाल का हेलमेट फर्नांडो के माथे से टकराया और धक्का-मुक्की भी हुई, जिसके बाद श्रीलंका के कप्तान धनंजय डी सिल्वा और अन्य खिलाड़ियों ने बीच-बचाव करके उन्हें अलग किया.


जडेजा ने जायसवाल को दी चेतावनी

सोनी स्पोर्ट्स पर बात करते हुए जडेजा ने जायसवाल की आलोचना की. उनका कहना है कि जायसवाल ने झगड़े को बहुत आगे बढ़ा दिया. उन्होंने इस घटना की तुलना भारतीय ओपनर और श्रीलंका के निरोशन डिकवेला के बीच हुई एक पुरानी घटना से की.जडेजा ने सोनी स्पोर्ट्स पर कहा कि यह खतरनाक स्थिति है. इसमें कोई शक नहीं है. फिजिकल कॉन्टैक्ट (शारीरिक संपर्क) एक अलग बात है. पिछले मैच में जायसवाल दूसरी तरफ थे. वह फील्डिंग कर रहे थे और उन्होंने निरोशन डिकवेला से कुछ बातें कही थीं. हमने कहा था कि मजाक-मस्ती तब तक ठीक है जब तक आपकी भाषा गलत न हो. 

मजाक नहीं सह सकते तो दूसरों से भी न करें 


उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जो खिलाड़ी मजाक-मस्ती करते हैं, उन्हें बदले में मजाक सुनने के लिए भी तैयार रहना चाहिए.उन्होंने कहा कि वही बात हुई, लेकिन अगर कोई खुद पर नहीं हंस सकता तो उसे दूसरों पर भी नहीं हंसना चाहिए. अगर आप पलटकर मजाक नहीं सह सकते तो मैदान पर दूसरों से ऐसा कुछ न कहें. जडेजा की यह टिप्पणी जायसवाल और फर्नांडो के बीच हुई तीखी बहस के बाद आई है. इस घटना के कारण भारतीय बल्लेबाज अब मैच अधिकारियों की नजर में हैं और उन पर ICC की आचार संहिता के उल्लंघन की कार्रवाई भी हो सकती है. 

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