एशियन गेम्स 2026 में जोशना चिनप्पा और वेलावन सेंथिलकुमार की जोड़ी ने स्क्वॉश में एक मेडल पक्का कर लिया. ये दोनों 25 सितंबर को मिक्स्ड डबल्स के सेमीफाइनल में पहुंच गए. जोशना-सेंथिलकुमार ने क्वार्टर फाइनल में डेविड पेलिनो व जेमिका अरिबाडो की जोड़ी को 11-3,11-5 से मात दी. अब उनका सामना सेमीफाइनल में हांग कांग के यो का ली और मिंग होन्ग टेंग से होगा.
40 साल की जोशना रिकॉर्ड सातवां एशियन गेम्स खेल रही हैं. उनका यह छठा मेडल है. वह इससे पहले दो रजत और तीन कांस्य पदक जीत चुकी हैं. उन्होंने 2018 में सिंगल्स ब्रॉन्ज मेडल जीता था. इससे पहले 2014 व 2018 में टीम सिल्वर और 2010 व 2022 में टीम ब्रॉन्ज जीता था. जोशना 2002 बुसान एशियन गेम्स से इन खेलों में हिस्सा ले रही हैं. उन्होंने सबसे ज्यादा एशियन गेम्स खेलने में सौरव घोषाल का रिकॉर्ड तोड़ा जिन्होंने छह बार हिस्सा लिया था.
जोशना और 28 साल के सेंथिलकुमार ने क्वार्टर फाइनल में पूरा दबदबा रखा. पहला गेम नौ मिनट में जीत लिया. दूसरे गेम में फिलिपींस की जोड़ी ने थोड़ी टक्कर दी. मगर भारतीय खिलाड़ियों ने ज्यादा मौके नहीं दिए और 10 मिनट में गेम व मैच अपने नाम कर लिया.
जोशना ने मेडल पक्का करने के बाद क्या कहा
जोशना ने मेडल पक्का करने के बाद समाचार एजेंसी पीटीआई से बात करते हुए कहा, 'देश के लिए मेडल जीतना हमेशा खास रहता है. मेरे पूरे करियर में यही प्रेरणा रही. मैं बाहर रहकर थोड़ी बहुत तैयारी करती हूं. जैसे मैं एशियन गेम्स से पहले अमेरिका में थी. इसलिए मैंने जितनी हो सकी उतनी प्रैक्टिस की कोशिश की. इसके अलावा मैं चेन्नई में इंडियन स्क्वॉश एकेडमी में ट्रेनिंग करती हूं. मैं वहां सभी कोचेज के साथ काम करती हूं. एशियन गेम्स से पहले मैं अमेरिका में डेविड पामर के साथ काम कर रही थी.'




