भारत और अफगानिस्तान के बीच छह जून से एकमात्र टेस्ट मैच खेला जाएगा. इस मैच से पहले ऋषभ पंत से भारतीय टेस्ट टीम की कप्तानी छीन ली गई थी. अब वो शनिवार से मुल्लांपुर में शुरू होने वाले टेस्ट में बतौर विकेटकीपर बल्लेबाज ही खेलेगे. मैच से पहले पंत और हेड कोच गौतम गंभीर के बीच बातचीत हुई. भारत के असिस्टेंट कोच रयान टेन डसखाटे ने कहा कि दोनों के बीच क्या बातचीत हुई. पंत का फॉर्म हाल के दिनों में बहुत अच्छा नहीं रहा है. पिछले साल साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में उनके आउट होने के तरीके पर भी सवाल उठे थे.
मैंने कल ही उन्हें और गंभीर को इस बारे में बात करते हुए सुना था. बातचीत इस बारे में थी कि एक सीनियर खिलाड़ी के तौर पर आप कैसा व्यवहार करना चाहते हैं. बातचीत करने का तरीका कैसा हो और आप कैसे खेलेंगे.
औपचारिक पद की जरूरत नहीं
डसखाटे ने आगे कहा कि उन्हें नहीं लगता कि इस तरह के बड़े सेटअप में लीडर बनने के लिए उन्हें किसी औपचारिक पद की जरूरत है और उन्हें
लगता है कि ऋषभ यह बात समझते हैं. पूर्व डच खिलाड़ी ने यह भी कहा कि भारत यह नहीं चाहती कि पंत अपनी शानदार प्रतिभा को रोके, लेकिन टीम मैनेजमेंट जरूर चाहता है कि वह मैच की स्थितियों के हिसाब से अपनी जल्दबाज़ी को थोड़ा कम करें. उन्होंने कहा कि पंत की शानदार काबिलियत को देखते हुए वह लोग उनसे वह सब कुछ नहीं छीनना चाहते, जो वह करते हैं, लेकिन अगर कभी-कभार वह अपने खेल को मैच की स्थितियों के हिसाब से थोड़ा और ढाल सकें, तो उन्हें लगता है कि उन्हें इस पर काम करते हुए देखेंगे.
भारत और अफगानिस्तान के बीच होने वाला यह इकलौता टेस्ट मैच अफगानिस्तान के भारत दौरे का पहला मैच होगा. इसके बाद तीन वनडे मैच खेले जाएंगे. यह पहली बार होगा जब न्यू चंडीगढ़ के महाराजा यादवेंद्र सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में कोई टेस्ट मैच खेला जाएगा.


