नई दिल्ली। वेस्टइंडीज (West Indies) में खेले गए अंडर-19 विश्व कप (Under-19 World Cup) का ताज पांचवी बार भारत (India) के सिर सजा. इंग्लैंड (England) को फाइनल (Final) में शिकस्त देकर भारतीय टीम एक बार फिर अंडर-19 की चैंपियन बन गई है. टीम के कप्तान यश धुल समेत कई खिलाड़ियों के कोरोना से संक्रमित होने के बावजूद जिस तरह का प्रदर्शन भारतीय टीम ने किया वह काबिल ए तारीफ था और शायद यही वजह रही की टीम विजेता बनी. बल्लेबाजों ने तो बल्ले से हल्ला बोलकर जीत का ढोल बजवाया ही लेकिन गेंदबाजों ने भी अपना पूरा दमखम दिखाया. यश धुल (Yash Dhull) की सेना के इन तीन गेंदबाजों ने भारत को वर्ल्ड चैंपियन बनाने के लिए विपक्षी खेमे में खलबली मचा दी.
रवि कुमार
बाएं हाथ के मीडियम पेसर रवि कुमार इस टूर्नामेंट में 6 मैचों में 10 विकेट अपने नाम करने में सफल रहे. रवि ने पूरे टूर्नामेंट में 3.66 की इकनॉमी से रन खाए और टीम को जरूरी विकेट दिलाकर जीत के करीब पहुंचाया. रवि का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 3/14 बांग्लादेश के खिलाफ क्वार्टरफाइनल मैच में रहा.
राज बावा
बावा ने भी अपनी गेंदबाजी से कई बल्लेबाजों को परेशान किया और टीम को अहम मौकों पर विकेट दिलाकर टीम की जीत पक्की की. बावा ने 6 मुकाबलों में 9 विकेट चटकाए और 4.50 की इकनॉमी से रन दिए. उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 31 रन देकर 5 विकेट था.

