इंग्लैंड दौरे से पहले BCCI ने टीम इंडिया के इस कोच को हटाया तो अक्षर पटेल हुए भावुक, बोले- दिल सच्चा, कर्म अच्छा...

SportsTak

SportsTak

अपडेटेड:

Story Highlights:

अक्षर पटेल ने सोहम देसाई की तारीफ में पोस्ट लिखी.

सोहम देसाई पांच साल पहले भारतीय टीम के साथ जुड़े थे.

भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने इंग्लैंड दौरे से पहले बड़ा कदम उठाते हुए फील्डिंग कोच टी दिलीप और हाई परफॉर्मेंस कोच सोहम देसाई को हटाने का फैसला किया. इनमें से दिलीप को 20 जून से शुरू हो रही टेस्ट सीरीज से पहले फिर से फील्डिंग कोच बना दिया गया. लेकिन देसाई की वापसी नहीं हो सकी. 31 मई को उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए इसकी पुष्टि कर दी. उन्होंने अपने कार्यकाल के बारे में लिखा. इसके बाद टीम इंडिया के स्टार ऑलराउंडर अक्षर पटेल ने सोहम देसाई के लिए इमोशनल पोस्ट लिखी. 

अक्षर ने सोहम की फोटो पोस्ट करते हुए ट्वीट किया, 'आपके साथ अलग बात थी. दिल सच्चा, कर्म अच्छा, बाकी सब भोले की कृपा.' अक्षर से पहले मोहम्मद सिराज ने भी उनके लिए थैंक्यू पोस्ट लिखी थी. इसमें उन्होंने कहा था कि उनकी कमी ड्रेसिंग रूम में खलेगी. उनका असर हमेशा साथ रहेगा.

सिराज ने सोहम देसाई के लिए लिखा था,

किसी ऐसे व्यक्ति को अलविदा कहना कभी भी आसान नहीं होता, जो एक कोच से कहीं बढ़कर रहा हो. जो एक मार्गदर्शक, एक मेंटॉर, एक भाई रहा हो. यह अंत नहीं है, बाद में मिलते हैं. आपका असर हमेशा मेरे साथ रहेगा. मेरे लिए व्यक्तिगत रूप से आप कभी भी सिर्फ एक ट्रेनर नहीं थे. आप एक ऐसे व्यक्ति थे, जिन्होंने मुझ पर विश्वास किया, मेरे साथ खड़े रहे और ना केवल एक क्रिकेटर के रूप में बल्कि एक व्यक्ति के रूप में मेरी मदद की. अपने काम के प्रति आपका समर्पण बेजोड़ था. दिन-प्रतिदिन आपने हमें ना केवल शारीरिक रूप से, बल्कि मानसिक रूप से भी बेहतर, मजबूत और ज्‍यादा अनुशासित होने के लिए प्रेरित किया.

सोहम देसाई ने टीम इंडिया के साथ काम करने पर क्या कहा

 

सोहम देसाई पांच साल से टीम इंडिया के साथ रहे थे. इस दौरान तीन साल तक उन्होंने परफॉर्मेंस प्रोग्राम संभाला. उन्होंने 31 मई को लिखा, 'पहले दिन से लक्ष्य साफ था- मानसिक अड़चनों को खत्म करना, वैश्विक गुणवत्ता हासिल करना, अपने उसूलों पर डटे रहना, कभी नाकामी से डरना नहीं. भारतीय टीम के साथ पांच साल कमाल के रहे. इस दौरान दो विश्व खिताब जीते. 2022 से 2025 के बीच चार आईसीसी इवेंट्स के दौरान खिलाड़ियों की 100 फीसदी उपलब्धता रही. इससे भी ऊपर ईमानदार, जीवनभर चलने वाले रिश्ते बनाए.'