मोहम्मद सिराज की विस्फोटक बैटिंग के बूते भारत ने प्रैक्टिस मैच छह विकेट से जीत लिया. श्रीलंका क्रिकेट इलेवन ने उसके सामने 207 रन का लक्ष्य रखा था. मोहम्मद सिराज ने पांच गेंद में चार और लगातार तीन छक्के उड़ाते हुए भारत को तीन गेंद बाकी रहते जीत दिलाई. उन्होंने 15 गेंद में एक चौके व चार छक्कों से 32 रन की नाबाद पारी खेली. इससे पहले श्रीलंका क्रिकेट इलेवन ने छह विकेट पर 200 रन बनाकर पारी घोषित की. भारत ने दूसरे दिन के खेल के बाद बैटिंग नहीं की और 357 के स्कोर पर पारी घोषित कर दी. इससे श्रीलंकाई टीम को छह रन की बढ़त मिली.
भारत की दूसरी पारी में टॉप ऑर्डर में यशस्वी जायसवाल ने 46 गेंद में 61 रन की पारी खेली. वह पहली पारी में बिना खाता खोले आउट हुए थे. जायसवाल ने दूसरी पारी में नौ चौके व दो छक्के लगाए. इस बार शुभमन गिल भी बैटिंग को उतरे. वे पहली पारी में अंगुली की चोट के चलते बैटिंग को नहीं आए थे. उन्होंने दूसरी पारी में 54 गेंद खेली और सात चौकों से 44 रन बनाए. ऋषभ पंत ने 68 गेंद में 28, ध्रुव जुरेल ने 20 गेंद में 17, रवींद्र जडेजा ने 32 गेंद में 22 रन बनाए. दूसरी पारी में केएल राहुल और देवदत्त पडिक्कल ने बैटिंग नहीं की.
आखिरी ओवर में 16 रन की जरूरत और सिराज का तूफान
भारतीय पारी का जब आखिरी ओवर शुरू हुआ तब जीत के लिए 16 रन चाहिए थे. सिराज इस ओवर से ठीक पहले ही बैटिंग को उतरे थे. उन्होंने मैच के अंतिम ओवर से ठीक पहले छक्का लगाया और फिर सिंगल लिया. केशारा नुवांता ने आखिरी ओवर फेंका. सिराज ने लगातार तीन छक्के लगाए और भारत को जीत दिला दी. उन्होंने फिर एक चौका भी लगाया. यह एक प्रैक्टिस मैच था इसलिए भारत की जीत के बाद भी तय ओवर पूरे कराए गए.
श्रीलंकाई टीम की दूसरी पारी में क्या हुआ
इससे पहले श्रीलंका क्रिकेट इलेवन की दूसरी पारी में निशान फर्नान्डो ने अर्धशतक लगाया और 73 गेंद में 10 चौकों से 63 रन की पारी खेली. उन्होंने पहली पारी में भी फिफ्टी बनाई थी. उनके अलावा निपुण धनंजय ने 46 रन बनाए तो अंजला बंडारा ने 35 रन का योगदान दिया. भारतीय बॉलिंग में रवींद्र जडेजा व गुरनूर बराड़ को दो-दो सफलता मिली. इस प्रदर्शन के जरिए जडेजा ने एक बार फिर से टेस्ट फॉर्मेट में अपनी उपयोगिता साबित की. वहीं गुरनूर ने फिर से दर्शाया कि वह टेस्ट के लिए तैयार हैं और आकिब नबी व प्रसिद्ध कृष्णा पर सेलेक्शन की दावेदारी में आगे हैं.




