श्रीलंका के टेस्ट कप्तान धनंजय डिसिल्वा ने भारतीय टीम को दो मैच की सीरीज से पहले सावधान किया है. उनका कहना है कि स्पिन के मोर्चे पर उनकी टीम का पलड़ा भारी है और वे पूरी कोशिश करेंगे कि टीम इंडिया के लिए ज्यादा से ज्यादा मुश्किल खड़ी की जाए. सीरीज का पहला टेस्ट 15 अगस्त से गॉल में होना है. इसके लिए दोनों टीमें पहुंच चुकी है और अभ्यास कर रही हैं. श्रीलंका ने 12 अगस्त को पहले टेस्ट के लिए स्क्वॉड का ऐलान किया जिसमें तीन स्पेशलिस्ट स्पिनर रखे गए हैं. उसके पास दो पार्ट टाइम स्पिनर भी हैं.
भारतीय टीम को हालिया समय में स्पिन के सामने काफी दिक्कत हुई है. 2024 में न्यूजीलैंड और 2025 में साउथ अफ्रीका ने उसे घर पर मात दी थी. ऐसे में श्रीलंका भारत के लिए बड़ी चुनौती होने वाला है. हालांकि टीम इंडिया 2008 के बाद से श्रीलंका के सामने टेस्ट सीरीज नहीं हारी है और 2015 से तो उसने कोई टेस्ट भी इस टीम के सामने नहीं गंवाया है. लेकिन अभी भारतीय बैटिंग में अनुभवी की कमी है और इसी का फायदा श्रीलंकाई कप्तान उठाना चाहते हैं.
श्रीलंकाई कप्तान ने टीम इंडिया के लिए क्या कहा
डिसिल्वा ने टाइम्स ऑफ इंडिया से बात करते हुए कहा कि भारत को भले ही स्पिन की मददगार पिचों पर शिकस्त मिली हो लेकिन उसके बल्लेबाज बैटिंग करना नहीं भूले हैं. वे वापसी करना चाहेंगे. लेकिन उनकी टीम कोशिश करेगी कि मुकाबले को आखिरी दिनों तक लेकर जाए जिससे कि स्पिनर्स को फायदा होगा. उन्होंने कहा कि अगर श्रीलंका चौथे-पांचवें दिन तक मैच को ले गया तो भारत को हराने की संभावना बढ़ जाएगी. उनकी तरफ से पूरी कोशिश रहेगी कि सीरीज में भारत को लगातार दबाव में रखा जाए.
जयसूर्या बनेंगे टीम इंडिया के लिए बड़ा खतरा
बाएं हाथ के फिरकी गेंदबाज प्रभात जयसूर्या श्रीलंका के लिए सबसे असरदार और घातक हथियार साबित हो सकते हैं. उनका गॉल में कमाल का रिकॉर्ड है और श्रीलंकाई कप्तान इस बात को जानते हैं. उन्होंने कहा कि आंकड़ों के हिसाब से उनकी टीम का पलड़ा भारी है. प्रभात जितने मुकाबले गॉल में दोनों टीमों में किसी ने नहीं खेले हैं. पिछले कुछ सालों में जो भी टीम यहां खेलने आई हैं उन पर उसका दबदबा रहा है. इससे श्रीलंका आगे रहेगा.




