साल 2008 में शुरू हुए आईपीएल में 2022 तक ज्यादातर आठ टीमें ही शामिल थीं. इसके बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने बड़ा कदम उठाते हुए लखनऊ सुपर जायंट्स और गुजरात टाइटंस को लीग में शामिल किया. अब बिहार से आने वाले युवा खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए अनिल अग्रवाल ने भविष्य में बिहार की क्रिकेट फ्रेंचाइजी बनाने की इच्छा जाहिर की है. ऐसे में भविष्य में वैभव सूर्यवंशी और इशान किशन जैसे खिलाड़ी बिहार की टीम से आईपीएल खेलते नजर आ सकते हैं.
क्या आपको नहीं लगता कि चेन्नई और कोलकाता की तरह बिहार की भी अपनी एक टीम होनी चाहिए? बिहार की मिट्टी ने देश को एक से बढ़कर एक क्रिकेटर दिए हैं. पटना के इशान किशन ने वनडे में सबसे तेज दोहरा शतक जड़ा, समस्तीपुर के वैभव ने 14 साल की उम्र में आईपीएल में धमाल मचा दिया. गोपालगंज के साधारण परिवार से आने वाले साकिब हुसैन की गेंदबाजी के चर्चे चारों तरफ हैं. मगर एक बात मुझे हमेशा खलती है कि हमारे बिहार को क्रिकेट में अब भी वह नाम और पहचान क्यों नहीं मिल पा रही, जिसके हम हकदार हैं.
अनिल अग्रवाल ने आगे अपने सपने को लेकर कहा,
मेरा सपना और प्रयास रहा है कि बिहार के युवाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ने का पूरा मौका मिले. हमारे खिलाड़ियों को भी बिहार में वर्ल्ड क्लास सुविधाएं मिलें और उन्हें कहीं बाहर न जाना पड़े. मुझे पूरा भरोसा है कि अगर हमारे बच्चों को सही प्रेरणा और सुविधाएं मिलें, तो बिहार की टीम दुनिया की बेस्ट टीम बन सकती है. बिहार मेरे लिए सिर्फ एक राज्य नहीं, बल्कि एक इमोशन है.
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