ब्लेसिंग मुजरबानी के एजेंट ने पाकिस्तान क्रिकेट और PSL की धज्जियां उड़ाईं, बोले- जब कॉन्ट्रेक्ट नहीं तो बैन कैसा

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ब्लेसिंग मुजरबानी जिम्बाब्वे के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज हैं.
ब्लेसिंग मुजरबानी जिम्बाब्वे के बाएं हाथ के तेज गेंदबाज हैं.

Story Highlights:

ब्लेसिंग मुजरबानी पीएसएल के ऑक्शन में अनसॉल्ड रहे थे.

इस्लामाबाद यूनाइटेड ने मुजरबानी को शमार जोसेफ के रिप्लेसमेंट के तौर पर लेने का ऐलान किया था.

ब्लेसिंग मुजरबानी ने आईपीएल 2026 में अभी तक केकेआर की ओऱ से 2 मैच खेले हैं.

जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुजरबानी को पाकिस्तान बोर्ड की तरफ से पीएसएल से बैन किए जाने पर उनके एजेंट की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया आई है. WSX Cricket ने सोशल मीडिया के जरिए बैन और पाकिस्तानी बोर्ड के रवैये की खिंचाई की. उसने सिलसिलेवार तरीके से घटी घटनाओं का ब्यौरा देते हुए बताया कि मुजरबानी ने किस तरह आईपीएल के लिए हामी भरी और क्यों पीएसएल में इस्लामाबाद यूनाइटेड की तरफ से नहीं खेल पाए. उन्हें बाद में पीएसएल से दो साल के लिए बैन कर दिया गया.

मुजरबानी को पहले इस्लामाबाद ने साइन करने का ऐलान किया था. लेकिन आईपीएल फ्रेंचाइज ने मुस्तफिजुर रहमान की जगह इस पेसर को साइन कर लिया. इसके बाद मुजरबानी ने आईपीएल खेलने का फैसला किया. इसके बाद जिम्बाब्वे से आने वाला यह तेज गेंदबाज आईपीएल 2026 में केकेआर के लिए दो मैच खेला जिनमें चार विकेट उनके नाम रहे. वे इससे पहले आईपीएल 2025 में अस्थायी रिप्लेसमेंट के तौर पर आरसीबी का हिस्सा बने थे. साथ ही वे लखनऊ सुपर जायंट्स में नेट बॉलर रह चुके हैं.

ब्लेसिंग मुजरबानी ने पाकिस्तान बोर्ड और PSL के लिए क्या कहा

 

WSX Cricket ने एक्स पर लिखा, 13 फरवरी को इस्लामाबाद यूनाइटेड ने 2026 पीएसएल में खेलने के लिए ब्लेसिंग से संपर्क किया. जिम्बाब्वे क्रिकेट से एनओसी की शर्त पर डील तय हुई. यहां यह बताना जरूरी है कि पीएसएल से कॉन्ट्रेक्ट मिले बिना एनओसी नहीं ली जा सकती. इस्लामाबाद यूनाइटेड, पीएसएल ने सोशल मीडिया के जरिए साइन करने का ऐलान कर दिया. 27 फरवरी तक पीएसएल या इस्लामाबाद की तरफ से कोई कॉन्ट्रेक्ट नहीं मिला. इस दौरान केकेआर ने अप्रॉच किया और समझौता हो गया. ब्लेसिंग न तो पीएसएल ऑक्शन का हिस्सा थे और न ही उन्हें पीएसएल की तरफ से कोई कॉन्ट्रेक्ट दिया गया. अगर कोई कॉन्ट्रेक्ट मिला ही नहीं तो फिर उसे तोड़ा ही नहीं जा सकता. 

मुजरबानी के एजेंट ने साथ ही कहा कि जब से जिम्बाब्वे के खिलाड़ी के केकेआर से जुड़ने की खबर जारी हुई तब से इस खिलाड़ी को सोशल मीडिया पर काफी गालियां पड़ रही हैं. जो भी लोग नफरत फैला रहे हैं वे कायर और इंसानियत पर धब्बा हैं. पिछले छह सप्ताह से वह लोग शांत रहे क्योंकि वे पीएसएल या पाकिस्तान बोर्ड के साथ बैर नहीं करना चाहते थे.