साउथ अफ्रीका ने T20I में अपना अब तक का सबसे बड़ा सफल चेज पूरा किया और भारत के खिलाफ़ पांच मैचों की सीरीज़ दो मैच बाकी रहते ही अपने नाम कर ली. टीम को 193 रन के स्कोर तक पहुंचाने का क्रेडिट कप्तान लॉरा वूल्वार्ट को जाता है, जिन्होंने 47 गेंदों में अपना तीसरा और सबसे तेज T20I शतक जड़ा. वूल्वार्ट ने सुने लुस के साथ मिलकर 183 रनों की साझेदारी की. सुने लुस ने 42 गेंदों में 64 रन बनाकर उन्हें बेहतरीन सहयोग दिया. इस जोड़ी के दम पर साउथ अफ्रीका ने 21 गेंदें शेष रहते ही यह मैच जीत लिया. इस नतीजे का मतलब है कि साउथ अफ्रीका ने इस सीजन में आयरलैंड, पाकिस्तान और अब भारत के खिलाफ अपनी तीनों घरेलू सीरीज जीत ली है.
पहले बल्लेबाज़ी करते हुए भारत ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ अपना अब तक का सबसे बड़ा स्कोर बनाया. उनकी पारी में तीन पचास से ज़्यादा रनों की साझेदारियां शामिल थीं. शेफाली वर्मा ने 46 गेंदों में 64 रन बनाए, जबकि कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 38 गेंदों में 66 रन बनाए. स्मृति मांधना ने 25 गेंदों में 37 रन बनाए. वहीं ऋषा घोष ने 10 गेंदों में नाबाद 18 रन की पारी खेली. जेमिमा रॉड्रिग्स इस मुकाबले में फ्लॉप रही और वह गोल्डन डक पर आउट हो गईं. शेफाली और हरमनप्रीत की बदौलत भारत ने चार विकेट पर 192 रन का स्कोर खड़ा किया.
16.3 ओवर में हासिल की जीत
साउथ अफ्रीका की पारी शुरू होने से पहले तो लगा कि भारत ने बड़ा स्कोर खड़ा कर दिया है, मगर साउथ अफ्रीकन कप्तान लॉरा वूल्वार्ट ने इसके बाद ऐसी तबाही मचाई कि मुकाबला 16.3 ओवर में खत्म कर दिया. साउथ अफ्रीका ने एक विकेट के नुकसान पर लक्ष्य हासिल कर लिया. साउथ अफ्रीकी कप्तान ने अपनी शानदार फॉर्म जारी रखते हुए T20I में अपना संयुक्त सबसे बड़ा स्कोर बनाया. यह इंटरनेशनल क्रिकेट में उनका लगातार 5वां 50+ स्कोर, इस सीरीज का तीसरा अर्धशतक और इस फ़ॉर्मेट में उनके और साउथ अफ़्रीका दोनों के लिए सबसे तेज शतक था. लुस के साथ उनकी साझेदारी साउथ अफ़्रीका के लिए पहले विकेट की दूसरी सबसे बड़ी साझेदारी की और इसने इस जोड़ी को टीम के T20 विश्व कप ओपनर के तौर पर लगभग पक्का कर दिया है.
वूल्वार्ट ने अपनी पारी में 53 गेंदों में 115 रन ठोके. इस दौरान उन्होंने 14 चौके और पांच छक्के लगाए. वहीं सुने लुस ने 42 गेंदों में 64 रन की नाबाद पारी खेली. उन्होंने अपनी पारी में छह चौके और दो छक्के लगाए.

