राजस्थान रॉयल्स के स्टार बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी को IPL में सबसे तेज़ शतक के रिकॉर्ड के बारे में पता नहीं था, जिसे बनाने से वह सिर्फ़ तीन रन से चूक गए] लेकिन उन्होंने कहा कि उनका ध्यान छक्के मारने और ज़्यादा से ज़्यादा रन बनाने पर था, जिसकी बदौलत उन्होंने बुधवार को एलिमिनेटर मैच में सनराइज़र्स हैदराबाद के ख़िलाफ़ अपनी टीम को जीत दिलाई. सूर्यवंशी ने सिर्फ़ 29 गेंदों में 12 छक्कों और 5 चौकों की मदद से 97 रन बनाए. उनका स्ट्राइक रेट 334.48 का था, जिसकी मदद से RR ने SRH को 47 रनों से हराया और गुजरात टाइटंस के साथ क्वालिफ़ायर 2 में जगह बनाई.
सबसे तेज IPL शतक के रिकॉर्ड से चूकने के बारे में पूछे जाने पर सूर्यवंशी ने मैच के बाद प्रेजेंटेशन में कहा कि
मुझे आउट होने के बाद ही पता चला. उस समय मेरा पूरा ध्यान इस बात पर था कि मैं टीम के लिए जितना हो सके उतना योगदान दूं, क्योंकि शतक तो बनते ही रहेंगे, लेकिन अभी मेरा ध्यान इस बात पर है कि हम ट्रॉफी कैसे जीतें.
अगले मैच में भी अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश
मैच की अपनी तैयारी के बारे में उन्होंने कहा कि वह बस यह समझने की कोशिश करते हैं कि गेंदबाजों का सामना कैसे करना है और बाउंड्री की
लंबाई का अंदाजा कैसे लगाना है. जब वह अच्छे इरादे दिखाते हैं, तो गेंदबाज दबाव में आ जाता है. उन्होंने कहा कि वह इस जीत का जश्न मनाएंगे और अगले मैच में भी अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करेंगे.
मुकाबले की बात करें तो सूर्यवंशी की तूफानी पारी की बदौलत राजस्थान रॉयल्स ने सनराइजर्स हैदराबाद के सामने 244 रन का लक्ष्य रखा था, जिसके जवाब में पैट कमिंस की हैदराबाद की टीम 19.2 ओवर में 196 रन पर सिमट गई. हैदराबाद पर एलिमिनेटर में जीत के साथ ही राजस्थान दूसरे क्वालिफायर में पहुंच गई है, जहां उसका सामना रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के हाथों पहला क्वालिफायर हारने वाली गुजरात टाइटंस से होगा. दूसरे क्वालिफायर की विजेता का सामना 31 मई को फाइनल में बेंगलुरु से होगा.

