पिछले मैच में जीरो पर आउट होने के बाद वैभव सूर्यवंशी एक बार पटरी पर लौट आए और उन्होंने कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ 46 रन की शानदार पारी खेली.युवा बैटिंग सेंसेशन 15 साल के सूर्यवंशी का है कि बॉल को देखो और उसे रस्सियों के ऊपर से मारो. और जब भी क्रीज पर होते हैं, वो इसे ही फॉलो करते हैं.
मैच छीनने की ताकत
सूर्यवंशी ने खुद एक इंटरव्यू में माना था कि अगर वह ज़्यादा देर तक क्रीज पर टिके रहते हैं तो वह मैच को विरोधी टीम से छीन सकते हैं. उन्होंने दूरदर्शन से बातचीत में कहा कि
मैं जितनी देर भी ग्राउंड पर हूं, उतनी देर में डॉमिनेट करके अगर खेलूं, तो मैच उनके हाथ से छीन सकता हूं.
आधा सपना पूरा, आधा अभी बाकी
उन्होंने बताया कि उनकी अपने पिता से बात हुई और पिता को भी बोला कि उनका आधा सपना पूरा हो गया है, आधा अभी बाकी है. सीनियर लेवल पर वर्ल्ड कप खेलना हर खिलाड़ी का एक ही सपना होता है कि भारत के लिए खेले और जीते.सूर्यवंशी ने बताया कि अभी उनका पूरा फोकस इसी पर है कि भारत की सीनियर टीम के लिए जितना हो सके उतना योगदान करें.
सूर्यवंशी का आईपीएल करियर
अपने करियर में अब तक 13 IPL मैचों में उन्होंने 38.30 के एवरेज और 220.35 के स्ट्राइक रेट से 498 रन बनाए हैं, जिसमें एक सेंचुरी और तीन फिफ्टी शामिल हैं.उन्होंने 226 बॉल पर 42 चौके और 44 छक्के लगाए हैं. सूर्यवंशी को भारत के पूर्व क्रिकेटर इरफ़ान पठान से भी तारीफ मिली, जिन्होंने उन्हें एक खास खिलाड़ी बताया, जिसका भविष्य बहुत उज्ज्वल है.

