रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने गुजरात टाइटंस को हराकर आईपीएल 2026 का खिताब जीत लिया. बेंगलुरु का यह लगातार दूसरा खिताब है. इसी के साथ टीम के स्टार खिलाड़ी विराट कोहली ने अपने उस सपने को भी पूरा कर लिया, जो पिछले साल आरसीबी के मेडन ट्रॉफी जीतने पर भी पूरा नहीं हो पाया था. कोहली फाइनल के प्लेयर ऑफ द रहे. उन्होंने 42 गेंदों में नॉटआउट 75 रन बनाकर आरसीबी को गुजरात के दिए 156 रन के लक्ष्य तक 18 ओवर में ही पहुंचा दिया.
यह वही पल है, जिसका हर खिलाड़ी सपना देखता है. मैंने कई बार इस क्षण की कल्पना की थी, खासकर विजयी रन बनाने की. बल्लेबाजी के लिए उतरते समय मैं पूरी तरह सहज था. हमारी टीम का संयोजन ऐसा है जो किसी भी परिस्थिति से बाहर निकलने का भरोसा देता है.
भूमिका और रणनीति पूरी तरह स्पष्ट
उन्होंने कहा कि लक्ष्य का पीछा करते समय उन्हें अपनी भूमिका और रणनीति पूरी तरह स्पष्ट थी. उन्हें पता था कि रन-चेज में क्या करना है. उन्होंने कहा कि युवा खिलाड़ियों की मौजूदगी लगातार अपने खेल में सुधार करने और नई चुनौतियां स्वीकार करने के लिए प्रेरित करती है. कोहली ने 25 गेंदों में फिफ्टी लगाई, जो उनके आईपीएल करियर का सबसे तेज अर्धशतक है. इस पर उन्होंने कहा कि यह आपको लगातार बेहतर करने का लक्ष्य देता है. उन्हें अपने खेल में बहुत बड़ा बदलाव नहीं करना था, बल्कि सोच बदलनी थी. गेंदबाजों पर दबाव बनाकर अतिरिक्त रन जुटाने की जरूरत थी.
बेंगलुरु की टीम ने दो ओवर पहले ही लक्ष्य हासिल कर लिया. कोहली को विश्वास था कि उनकी चैंपियन टीम तीन-चार ओवर शेष रहते लक्ष्य हासिल कर सकती है.

