एक आईपीएल फ्रेंचाइजी के मैनेजर द्वारा मैच के दौरान डगआउट में मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। इस घटना के समय एक युवा खिलाड़ी भी उनके साथ फोन स्क्रीन देखते हुए नजर आए थे। नियमों के अनुसार, डगआउट में फोन का इस्तेमाल पूरी तरह से प्रतिबंधित है। इस मामले में बीसीसीआई की एंटी करप्शन सिक्योरिटी यूनिट (ACSU) ने मैनेजर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और उन्हें अपना जवाब देने के लिए 48 घंटे का समय दिया गया है। आईपीएल चेयरमैन के अनुसार, मेडिकल इमरजेंसी की स्थिति में फोन के इस्तेमाल की अनुमति होती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैनेजर हाल ही में गंभीर फेफड़ों की बीमारी के कारण आईसीयू और वेंटिलेटर पर थे, जिसके चलते उन्हें फोन रखने की अनुमति दी गई थी। बीसीसीआई सचिव ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में कोई भी फैसला केवल ठोस सबूतों के आधार पर ही लिया जाएगा। ACSU की रिपोर्ट के बाद ही संभावित कार्रवाई पर अंतिम निर्णय होगा।
डगआउट में फोन के इस्तेमाल पर BCCI सख्त, टीम मैनेजर को भेजा कारण बताओ नोटिस
एक आईपीएल फ्रेंचाइजी के मैनेजर द्वारा मैच के दौरान डगआउट में मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। इस घटना के समय एक युवा खिलाड़ी भी उनके साथ फोन स्क्रीन देखते हुए नजर आए थे। नियमों के अनुसार, डगआउट में फोन का इस्तेमाल पूरी तरह से प्रतिबंधित है। इस मामले में बीसीसीआई की एंटी करप्शन सिक्योरिटी यूनिट (ACSU) ने मैनेजर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और उन्हें अपना जवाब देने के लिए 48 घंटे का समय दिया गया है। आईपीएल चेयरमैन के अनुसार, मेडिकल इमरजेंसी की स्थिति में फोन के इस्तेमाल की अनुमति होती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैनेजर हाल ही में गंभीर फेफड़ों की बीमारी के कारण आईसीयू और वेंटिलेटर पर थे, जिसके चलते उन्हें फोन रखने की अनुमति दी गई थी। बीसीसीआई सचिव ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में कोई भी फैसला केवल ठोस सबूतों के आधार पर ही लिया जाएगा। ACSU की रिपोर्ट के बाद ही संभावित कार्रवाई पर अंतिम निर्णय होगा।
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