विराट कोहली ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ रांची वनडे में शतक ठोकने के बाद साफ किया कि वह एक ही फॉर्मेट खेलेंगे. उनका यह जवाब ऐसे समय पर आया है कि जब मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया कि बीसीसीआई में हाल ही में रिटायर हुए खिलाड़ियों से वापस आने की बात हुई है. हालांकि किसी खिलाड़ी का नाम नहीं लिया गया था. लेकिन विराट कोहली, रोहित शर्मा ने ही हाल में संन्यास लिया. ऐसे में अटकलें थी कि क्या बीसीसीआई इनमें से किसी को संन्यास खत्म करने को मनाएगा. भारतीय टीम हालिया समय में टेस्ट फॉर्मेट में जूझती दिखी है.
कोहली ने रांची वनडे में 135 रन की तूफानी पारी खेली. उन्होंने 120 गेंद का सामना किया और 11 चौकों व सात छक्कों से वनडे में 52वां शतक पूरा किया. इस पारी के लिए वे प्लेयर ऑफ दी मैच चुने गए. उनसे पोस्ट मैच प्रजेंटेशन में पूछा गया कि क्या वे एक ही फॉर्मेट खेलेंगे. कोहली ने जवाब दिया, 'अब हमेशा यही रहने वाला है. मैं खेल का केवल एक ही फॉर्मेट खेलूंगा.'
कोहली ने मैच से पहले की तैयारी पर क्या कहा
कोहली ने बताया कि वह कभी भी ज्यादा तैयारी करने में भरोसा नहीं करते थे. उनके लिए खेल के लिए मानसिक स्थिति अहम रही है. कोहली बोले, 'मैं कभी भी ज्यादा तैयारी में भरोसा नहीं रखता. मेरा पूरा क्रिकेट मानसिक रूप में रहा है. मैं शारीरिक तौर पर काफी मेहनत करता हूं. जहां तक मेरी फिटनेस की बात है तो वह सही रही है और फिर बैटिंग के बारे में सोचते हैं तब अगर अच्छा लग रहा है तो फिर सब सही है.'
कोहली ने नौ महीने बाद लगाया शतक
कोहली का टेस्ट से संन्यास के बाद यह लगातार दूसरे वनडे में फिफ्टी प्लस स्कोर है. उन्होंने ऑस्ट्रेलिया में आखिरी वनडे में अर्धशतक लगाया था और 74 रन की नाबाद पारी खेली थी. अब रांची में खेलते हुए इंटरनेशनल करियर का 83वां सैकड़ा जमाया. उन्होंने एमएस धोनी के घर में पांच वनडे में तीसरा शतक लगाया. यह नौ महीने में उनका पहला सैकड़ा भी था. इससे पहले उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी में शतक बनाया था.

