'भाई के अंतिम संस्कार के कुछ मिनट बाद कमेंट्री करने को कहा गया', IPL 2026 के बीच पूर्व भारतीय स्टार का चौंकाने वाला दावा

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लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने साल 2000 में अपने कमेंट्री करियर की शुरुआत की थी. (PC:Sivaramakrishnan Laxman Instagram)
लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने साल 2000 में अपने कमेंट्री करियर की शुरुआत की थी. (PC:Sivaramakrishnan Laxman Instagram)

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लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने साल 2000 में अपने कमेंट्री करियर की शुरुआत की थी.

लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने भारत के लिए नौ टेस्ट और 16 ODI मैच खेले थे.

भारत के पूर्व क्रिकेटर लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने कमेंटेटर के तौर पर अपने समय का एक इमोशनल अनुभव शेयर किया. यह बात उन्होंने इस रोल से कथित रंग-भेद के कारण रिटायर होने के कुछ ही सप्ताह बाद बताई. सोशल मीडिया पर किए गए एक चौंकाने वाले खुलासे में शिवरामकृष्णन ने इस बात पर दुख जताया कि काम के प्रति अपनी गहरी लगन के बावजूद उन्हें बुरे बर्ताव का सामना करना पड़ा.

मेरे बड़े भाई का कुछ साल पहले निधन हो गया था. हमने शाम को उनका अंतिम संस्कार किया और उसके कुछ ही मिनट बाद BCCI के ब्रॉडकास्टिंग डायरेक्टर ने मुझे फोन किया और पूछा कि अब जब अंतिम संस्कार हो गया है, तो क्या आप अगली सुबह फ़्लाइट लेकर मोहाली में होने वाले Ind v Aus टेस्ट मैच में कमेंट्री करने के लिए आ सकते हैं?' मैं चला गया. 

 

इसके बाद एक और पोस्ट में शिवरामकृष्णन ने खुलासा किया कि जिस व्यक्ति की बात हो रही है, उसी के कारण उन्होंने BCCI की कॉमेंट्री से संन्यास ले लिया था. हालांकि उन्होंने उस व्यक्ति का नाम नहीं बताया. 

रंग-भेद  के कारण कॉमेंट्री से संन्यास का दावा 


मार्च में IPL 2026 सीजन शुरू होने से कुछ ही दिन पहले शिवरामकृष्णन ने BCCI कॉमेंट्री पैनल से अपने रिटायरमेंट की घोषणा की थी. उन्होंने इसके पीछे एक वजह रंग-भेद को बताया था और दावा किया था कि इसी वजह से इस इंडस्ट्री में नए लोग उनकी जगह ले रहे हैं. शिवरामकृष्णन ने भारत के लिए नौ टेस्ट और 16 ODI मैच खेले और इन दोनों फ़ॉर्मेट में 26 और 15 विकेट लिए. 60 साल के हो चुके शिवरामकृष्णन ने साल 2000 में अपने कमेंट्री करियर की शुरुआत की थी और अगले दो दशकों में वे भारतीय क्रिकेट जगत में एक जानी-मानी आवाज़ बन गए.