शतक ठोका और फिर टीम से किया गया बाहर, वर्ल्ड कप स्क्वॉड से भी हुई छु्ट्टी, अब कहा- जब निकाला गया तो...

SportsTak

SportsTak

अपडेटेड:

जेसन रॉय (बाएं से दूसरे) (Photo: Getty)
जेसन रॉय (बाएं से दूसरे) (Photo: Getty)

Story Highlights:

जेसन रॉय ने इंग्लैंड की तरफ से 116 वनडे मुकाबले खेले

जेसन रॉय ने अपनी आखिरी वनडे सीरीज में शतक लगाया था.

इंग्लिश टीम मैनेजमेंट एक बार फिर से निशाने पर है. धाकड़ बल्लेबाज रहे जेसन रॉय का कहना है कि जिस तरह से उन्हें 2023 वर्ल्ड कप स्क्वॉड से उन्हें बाहर किया गया उससे वे मानसिक तौर पर थक गए थे. जेसन रॉय 2019 में वर्ल्ड कप जीतने वाली इंग्लिश टीम के अहम खिलाड़ी थे. 2023 में उन्हें खेलना था और उन्हें स्क्वॉड में पहले शामिल किया गया था. बाद में पीठ में दिक्कत के चलते उन्हें बाहर कर दिया गया और हैरी ब्रूक उनकी जगह खेले थे.

रॉय ने इंग्लैंड की तरफ से 116 वनडे मुकाबले खेले और इनमें से आखिरी मार्च 2023 में बांग्लादेश दौरे पर था. इस मुकाबले से ठीक पहले उन्होंने शतक लगाया था जो इंटरनेशनल क्रिकेट में उनका 12वां सैकड़ा था. तब माना जा रहा था कि रॉय भारत में होने वाले टूर्नामेंट का हिस्सा होंगे. वे 2022 टी20 वर्ल्ड कप में भी नहीं खेल सके थे. तब भी उनकी जगह पर ब्रूक को शामिल किया गया था.

जेसन रॉय ने इंग्लिश टीम से निकाले जाने पर क्या कहा था

 

रॉय ने ईसपीएनक्रिकइंफो से बात करते हुए वर्ल्ड कप से बाहर होने के बारे में कहा, 'जब मुझे वर्ल्ड कप से पहले निकाला गया तो मानसिक तौर पर बड़ा झटका लगा. यह कल की सी बात लगती है कि मुझे जॉस (बटलर) का फोन आया है. इसे काफी समय हो चुका है लेकिन मुझे कुछ चीजों पर काबू पाना था. यह (वर्ल्ड कप) ऐसी चीज थी जिसका इंतजार कर रहा था, कड़ी मेहनत की थी और इससे पहले की दो सीरीज में शतक लगाते हुए बुरी फॉर्म से निकला था. बैक स्पाज्म बहुत बुरे समय पर आया. उस चोट को लेकर जो बातचीत थी वह सही नहीं थी और फिर मुझे निकाल दिया गया. मैं किस पर भरोसा करूं इसको लेकर काफी दिक्कत हुई. एक टीम के लिए इतने सारे मैच खेले और फिर अचानक से...'

रॉय ने आगे कहा, 'मेरा दिल टूटा हुआ था और मैं बुरी तरह से निराश था. टीम से निकाले जाने पर जो भावनाएं होती हैं वे ही थीं. लेकिन बात यह नहीं थी कि टीम से बाहर हो गया बल्कि वर्ल्ड कप स्क्वॉड से बाहर हो गया. वह कोई साधारण सीरीज नहीं थी. वह बहुत मुश्किल था. मैंने खुद को उस स्थिति के बाद तैयार किया लेकिन खेलने की इच्छा खत्म हो गई.'