IND vs ZIM: भारत ने ऑफ स्पिन के जाल की काट के लिए बुलाए 5 खास खिलाड़ी, इन स्टार्स को कराई तैयारी

भारतीय स्पिनर्स पर टी20 वर्ल्ड कप में बड़ा जिम्मा रहेगा. (Photo: Getty)
भारतीय स्पिनर्स पर टी20 वर्ल्ड कप में बड़ा जिम्मा रहेगा. (Photo: Getty)

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भारत का सुपर 8 में अगला मुकाबला जिम्बाब्वे के साथ है.

भारत को सेमीफाइनल में जाने के लिए अगले दोनों मैच जीतने होंगे.

भारतीय क्रिकेट टीम टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अभी तक ऑफ स्पिन के सामने घुटने टेकती दिखी है. अभिषेक शर्मा, तिलक वर्मा और इशान किशन के रूप में टॉप ऑर्डर इस तरह की बॉलिंग के आगे फंसा हुआ है. भारत के पिछले तीनों मैच में ऑफ स्पिनर के आगे पहले ही ओवर में विकेट गंवाना पड़ा है. दो बार अभिषेक शर्मा तो एक बार इशान किशन इनका शिकार बन गए. इस समस्या के समाधान के लिए टीम इंडिया ने 24 फरवरी को नेट प्रैक्टिस के दौरान पांच स्थानीय ऑफ स्पिनर बुलाए और उनसे बॉलिंग कराई.

चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में होने वाले मुकाबले से पहले टीम इंडिया का पहला प्रैक्टिस सेशन 24 फरवरी को हुआ. इसमें भारत के सभी स्पिनर्स ने बॉलिंग की. साथ ही पांच स्थानीय ऑफ स्पिनर बुलाए गए. इन्हें नेट गेंदबाजों के रूप में बाएं हाथ के बल्लेबाजों के सामने बॉलिंग कराई गई. इनके अलावा वरुण चक्रवर्ती, कुलदीप यादव, अक्षर पटेल, वाशिंगटन सुंदर ने भी गेंदबाजी की. जब अभिषेक बैटिंग प्रैक्टिस कर चुके थे तब वे भी बॉलिंग करते दिखे.

भारत को कैसे ऑफ स्पिनर्स ने किया परेशान

 

भारतीय बैटिंग में आठ में से छह बल्लेबाज बाएं हाथ के हैं. इनमें से तीन तो टॉप थ्री में खेलते हैं. ऐसे में विरोधी टीमों को भारत पर रणनीतिक बढ़त मिल जाती है. पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले से देखा गया कि पहला ही ओवर स्पिनर से कराया जा रहा है. पहले सलमान आगा ने ऐसा किया. उन्होंने अभिषेक शर्मा को आउट किया. अगले मुकाबले में नीदरलैंड्स ने आर्यन दत्त के रूप में ऑफ स्पिनर से पहला ओवर कराया. उन्होंने इसमें अभिषेक को बोल्ड किया. फिर इशान का विकेट भी लिया. साउथ अफ्रीका के साथ मुकाबले में एडन मार्करम बॉलिंग लेकर आए. उन्होंने इशान को चलता कर दिया.

भारत को नहीं मिल पा रही बड़ी ओपनिंग साझेदारी

 

भारतीय टीम को टी20 वर्ल्ड कप में अभी तक बड़ी ओपनिंग साझेदारी नहीं मिल पाई है. अमेरिका के खिलाफ पहले मैच से लेकर साउथ अफ्रीका के सामने मुकाबले तक हर बार शुरुआती ओवर्स में ही बल्लेबाज आउट हो जा रहे हैं. इससे मिडिल ऑर्डर पर दबाव पड़ा है और यहां भी पाकिस्तान वाले मैच को छोड़कर बाकी में उम्मीद के हिसाब से खेल नहीं आया.