पूर्व भारतीय बल्लेबाज पार्थिव पटेल ने कहा कि भारत के खिलाफ U19 वर्ल्ड कप मैच में पाकिस्तान के रवैये से वह हैरान थे. बीते दिन पाकिस्तान को बुलावेयो के क्वींस स्पोर्ट्स ओवल में 58 रनों से हार का सामना करना पड़ा, जिससे वे टूर्नामेंट से बाहर हो गए और सेमीफाइनल के लिए क्वालिफ़ाई नहीं कर पाए. सुपर सिक्स मुकाबले में नेट रन-रेट (NRR) में नुकसान के साथ उतरते हुए पाकिस्तान को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए जीत से ज़्यादा की ज़रूरत थी. उसे भारत के बेहतर NRR को पीछे छोड़ने और सेमीफ़ाइनल में जगह बनाने के लिए भारत के 252 रनों के टोटल का पीछा लगभग 33.3 ओवर में करना था.
पाकिस्तान ने नहीं की कोशिश
पटेल ने JioHotstar के शो में कहा कि मैं यहां बस एक बात समझने की कोशिश कर रहा हूं, जिस तरह से पाकिस्तान ने इस मैच को खेला. अगर भारत भी उसी स्थिति में होता और अगर उन्होंने इस तरह से खेला होता कि वे सेमीफ़ाइनल में पहुंचने की कोशिश भी नहीं कर रहे होते, तो क्या होता? मुझे नहीं लगता कि कोचिंग स्टाफ कहीं और कोचिंग कर पाता. अंडर-19 क्रिकेट में कोच और सपोर्ट स्टाफ की भूमिका बहुत जरूरी होती है.
कोच को काम याद दिलाया
पटेल ने आगे कहा कि आप अनुभवी हैं और इसलिए आपको युवा खिलाड़ियों को उनके क्रिकेटिंग सफर में गाइड करने का रोल दिया गया है, लेकिन बदकिस्मती से पाकिस्तान ऐसा नहीं लगा कि वे सेमी-फ़ाइनल में जगह बनाने के लिए जोर लगा रहे थे. जीतने की इच्छा की कमी साफ दिख रही थी. मुझे नहीं लगता कि कोचिंग स्टाफ कहीं और कोचिंग कर पाता. अंडर-19 क्रिकेट में कोच और सपोर्ट स्टाफ की भूमिका बहुत ज़रूरी होती है.पूर्व भारतीय क्रिकेटर ने कोचिंग को लेकर कहा कि आप अनुभवी हैं और इसलिए आपको युवा खिलाड़ियों को उनके क्रिकेटिंग सफ़र में गाइड करने का रोल दिया गया है, लेकिन बदकिस्मती से पाकिस्तान ऐसा नहीं लगा कि वे सेमी-फ़ाइनल में जगह बनाने के लिए ज़ोर लगा रहे थे. जीतने की इच्छा की कमी साफ़ दिख रही थी.
पहले बैटिंग करते हुए इंडिया U19 ने 49.5 ओवर में 252 रन का स्कोर बनाया, जिसमें वेदांत त्रिवेदी ने 68 रन बनाकर पारी को संभाला. जवाब में पाकिस्तानी टीम 46.2 ओवर में 194 रन पर ऑल आउट हो गई.

