भारत की उभरती स्क्वॉश खिलाड़ी 17 साल की अनाहत सिंह ने इतिहास रच दिया है. उन्होंने वाशिंगटन में अपने युवा करियर का सबसे बड़ी जीत हासिल की. अनाहत ने टॉप सीड, मौजूदा कॉमनवेल्थ गेम्स चैंपियन और दुनिया की नंबर 10 इंग्लैंड की जॉर्जीना कैनेडी को 12-10, 11-5, 11-7 से हराकर सिर्फ 26 मिनट के फाइनल में स्क्वॉश ऑन फायर ओपन में अपना पहला PSA ब्रॉन्ज लेवल टाइटल जीता.
पिछड़ने के बाद वापसी
इस फाइनल में अनाहत में मैच पर जिस तरह से कंट्रोल किया था, वो उनकी जीत को और भी खास बनाता है. पहले गेम में वह एक समय 8-10 से पीछे थीं, लेकिन उन्होंने लगातार चार पॉइंट जीतकर गेम अपने नाम कर लिया और फिर बाकी के गेम काफी रोमांचक हो गए. केनेडी से अपनी पिछली एकमात्र मुलाकात में हारने के बाद, सातवीं सीड खिलाड़ी ने अपनी उम्र से कहीं ज़्यादा समझदारी दिखाई, और ज़्यादा रैंकिंग वाली विरोधी को शायद ही कभी सेटल होने दिया.
बेस्ट देने की कोशिश
फाइनल के बाद अनाहत ने कहा कि मैं बहुत खुश हूं. इस इवेंट में आने से पहले मैंने कुछ सप्ताह पहले ब्रिटिश जूनियर ओपन खेला था और मैंने बहुत अच्छा नहीं खेला था. उन्होंने आगे कहा कि मुझे पता था कि इन इवेंट्स के बीच मेरे पास ट्रेनिंग के लिए कुछ समय है और मैंने अपने गेम में बेस्ट देने के लिए जितना हो सका उतना किया. उनकी उपलब्धियों की लिस्ट में एक और खिताब जुड़ गया है. अनाहत उस भारतीय टीम का हिस्सा थीं जिसने पिछले साल चेन्नई में ऐतिहासिक स्क्वॉश वर्ल्ड कप का खिताब जीता था.

