Who is Rumesh Pathirage? - श्रीलंका ने जैवलिन थ्रोअर रुमेश पथिरागे ने अपने प्रदर्शन से दुनिया को चौंका दिया हैं. उन्होंने रोम डायमंड लीग में 92.62 मीटर की दूरी तय की. इसी के साथ वह मैंस जैवलिन में अरशद नदीम, नीरज चोपड़ा और चेंग चाओ-त्सुन के बाद 90 मीटर का मार्क पार करने वाले चौथे एशियाई खिलाड़ी बन गए हैं. उन्होंने अरशद के बाद एशियन खिलाड़ियों में दूसरा सबसे बेस्ट थ्रो किया. रुमेश आज जैवलिन में कमाल दिखा रहे हैं, मगर कभी उनका पहला प्यार था.
क्रिकेट छोड़ने का मलाल नहीं
टैलेंट हंट में टॉप रहने वाले मलिंगा अपने क्रिकेट करियर में आगे निकल गए, मगर दूसरे स्थान पर रहने वाले रुमेश अपने क्रिकेट करियर में पिछड़ गए. उन्होंने सेंट पीटर्स कॉलेज, कोलंबो के लिए अपने एकमात्र कॉम्पिटिटिव मैच में पांच विकेट लिए और उसी मैच में हाफ़-सेंचुरी भी लगाई, मगर इसके बाद उन्होंने क्रिकेट का मैदान हमेशा के लिए छोड़ दिया और हाथ में जैवलिन को थाम लिया. रुमेश जब जैवलिन में जो कमाल दिखा रहे हैं, उसके बाद उन्हें क्रिकेट छोड़ने का कोई मलाल नहीं होगा, क्योंकि वे अपने चुने हुए क्षेत्र में भी रिकॉर्ड तोड़ रहे हैं. रुमेश के क्रिकेट छोड़ने के पीछे वजह राजनीति और ज़बरदस्त कॉम्पिटिशन था. उनका मानना है कि क्रिकेट एक टीम स्पोर्ट है. नेशनल टीम में जगह बनाने के लिए सिर्फ टैलेंट ही काफ़ी नहीं होता, लेकिन जैवलिन में अगर उनमें टैलेंट है, तो उन्हें पहचान ज़रूर मिलेगी.
30 मीटर से 92.62 मीटर तक का सफर
रुमेश ने 2017 में अपने पिता की देखरेख में थ्रो करना शुरू किया. उनके पिता खुद डिस्कस और शॉट-पुट एथलीट थे. कोच टोनी प्रसन्ना ने जैवलिन के बारे में उन्हें बताया. उनका पहला जैवलिन थ्रो 30 मीटर का था. दो महीने के अंदर ही, वे 63 मीटर तक पहुंच गए. वह हर दिन अपने थ्रो को और बेहतर करते. 2024 में मोकपो में हुई एशियन थ्रोइंग चैंपियनशिप में उन्होंने 85.45 मीटर का थ्रो किया. 2025 की शुरुआत में बेंगलुरु में नीरज चोपड़ा क्लासिक में उन्होंने 84.34 मीटर के साथ तीसरा स्थान हासिल किया और उसी पोडियम पर खड़े हुए जहां उनके बचपन के आदर्श, पूर्व ओलिंपिक चैंपियन थॉमस रोहलर खड़े थे. एक महीने बाद उन्होंने भुवनेश्वर में 86.50 मीटर का थ्रो करके श्रीलंका का नेशनल रिकॉर्ड तोड़ा और टोक्यो में होने वाली वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए सीधे क्वालीफाई किया, जहां वे 84.38 मीटर के साथ छठे स्थान पर रहे और चोटिल नीरज से आगे रहे और रोम डायमंड लीग में वह अपने करियर का सबसे शानदार प्रदर्शन करने में कामयाब रहे. अभी तक नीरज चोपड़ा और अरशद नदीम के बीच ही ज्यादातर इवेंट में मुकाबला देखने को मिलता था, मगर अब रुमेश ने दोनों को चुनौती दे दी है.
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