आठ द‍िन के अंदर भारत के दो टॉप ऑर्डर बल्लेबाजों ने लिया संन्यास, एक ने 30 की उम्र में छोड़ा क्रिकेट

पहले टॉप ऑर्डर बल्लेबाज पूनम राउत ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लिया. उनके संन्यास के आठ द‍िन बाद एस मेघना ने क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है.

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किरण सिंह

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एस मेघना ने 30 की उम्र में क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया. (PC: Getty)

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एस मेघना ने 30 की उम्र में क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया.

करीब आठ पहले दिन पहले पूनम राउत ने भी संन्यास की घोषणा की थी.

दो भारतीय क्रिकेटर्स ने आठ द‍िन के अंदर संन्यास ले लिया है. पहले टॉप ऑर्डर बल्लेबाज पूनम राउत ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लिया. उनके संन्यास के आठ द‍िन बाद एस मेघना ने क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है. मेघना के फैसले ने हर किसी को हैरान कर द‍िया, क्योंकि वह अभी महज 30 साल की हैं और अभी उनमें काफी क्रिकेट बचा है. भारत की अनुभवी बल्लेबाज पूनम राउत ने बीते द‍िनों तत्काल प्रभाव से इंटरनेशनल क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास की घोषणा की. 37 साल की राउत ने 2009 से 2021 के बीच भारत के लिए चार टेस्ट, 73 वनडे और 35 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले. पूनम राउत के कुछ दिनों बाद संन्यास लेने वाली एस मेघना अक्टूबर 2022 के बाद से ही टीम इंडिया से बाहर थीं. उन्होंने 2022 में भारत के लिए अपना आखिरी (20वां) मैच खेला था. आखिरी बार WPL के 2025 सीजन में खेलती नजर आई थीं. वह WPL का ख‍िताब जीतने वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम का भी हिस्सा थीं. मेघना ने सोशल मीडिया पर अपने संन्यास की घोषणा करते हुए एक इमोशनल पोस्ट लिखा और कहा कि खेल का मैदान उनके लिए दूसरे घर जैसा रहा है. इसने उन्हें विपरीत परिस्थितियों में डटे रहना और विनम्रता सिखाई, साथ ही उन्हें ऐसी यादें और दोस्त दिए जो जीवन भर मेरे साथ रहेंगे. 

पांच डक और 113 रन पर ढेर, न्यूजीलैंड ए के ख‍िलाफ भारत ए का शर्मनाक प्रदर्शन


आंध्र प्रदेश की क्रिकेटर मेघना ने नवंबर 2016 में विजयवाड़ा में वेस्ट इंडीज के खिलाफ T20I मैच से अपने इंटरनेशनल करियर की शुरुआत की. इस मैच में उनकी टीम को 31 रनों से हार मिली और उन्होंने 16 गेंदों पर 17 रन बनाए. इसके काफी समय बाद फरवरी 2022 में क्वीन्सटाउन में न्यूजीलैंड के खिलाफ उन्होंने अपना वनडे (ODI) डेब्यू किया, जहां उन्होंने 14 गेंदों पर 4 रन बनाए, लेकिन सीरीज के अगले दो मैचों में वह अपने बेहतरीन फॉर्म में दिखीं. उन्होंने 50 गेंदों पर 49 रन और 41 गेंदों पर 61 रन बनाए. हालांकि उस दौरे पर खेले गए तीन वनडे मैच ही इस फॉर्मेट में उनके इकलौते मुकाबले रहे, जिनमें उन्होंने कुल 114 रन बनाए. 17 T20I मैचों में उन्होंने 102.78 के स्ट्राइक रेट से 258 रन बनाए, जिसमें एक अर्धशतक भी शामिल था. 
 

एस मेघना का करियर

फॉर्मेट मैच पारी रन हाइएस्ट स्कोर औसत स्ट्राइक रेट 100s 50s
वनडे 3 3 114 61 38.00 108.57 0 1
टी20I 17 16 258 69 18.42 102.78 0 1
WPL 15 14 302 53 23.23 118.43 0 1

WPL खिताब जीतने वाली टीम का भी हिस्सा


मेघना ने लिखा कि भले ही मेरे क्रिकेट के दिन खत्म हो रहे हैं, लेकिन क्रिकेट के साथ मेरा रिश्ता कभी नहीं टूटेगा. मैं हमेशा इस खेल से गहराई से जुड़ी रहूंगी और अपना जीवन इस खेल को वापस कुछ देने, अगली पीढ़ी को मार्गदर्शन देने और उस खेल की सेवा करने में लगा दूंगी, जिसने मुझे सब कुछ दिया है. मेघना ने महिला प्रीमियर लीग (WPL) के तीन सीजन खेले. पहले गुजरात जायंट्स के लिए और फिर दो साल तक रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए. वह 2024 में खिताब जीतने वाली टीम का भी हिस्सा थीं. 

2017 वर्ल्ड कप करियर के सबसे अहम पल

पूनम राउत की बात करें तो उनका प्रदर्शन वनडे मैचों में सबसे शानदार रहा, जहां उन्होंने 3 शतक और 15 अर्धशतक की मदद से 2299 रन बनाए और उनका औसत 34.83 रहा. वह 2009, 2013 और 2017 के वनडे विश्व कप का हिस्सा रहीं. 2017 के विश्व कप में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एक लीग मैच में शतक लगाया था और उसी टूर्नामेंट के फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ 86 रन बनाकर वह भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने वाली खिलाड़ी रहीं. सोशल मीडिया पर अपने संन्यास की घोषणा करते हुए राउत ने 2017 वर्ल्ड कप की यादों को ताजा किया और कहा कि वह वर्ल्ड कप उनके करियर के सबसे अहम पलों में से एक हमेशा बना रहेगा. भले ही ट्रॉफी जीतने से थोड़ा चूक गए, लेकिन उस टूर्नामेंट ने भारत में महिला क्रिकेट की तस्वीर बदल दी, युवा लड़कियों की एक पीढ़ी को प्रेरित किया और खेल का भविष्य ही बदल दिया. 

320 रनों की ओपनिंग साझेदारी

राउत ने अपने करियर के दौरान भारत को कई यादगार जीत दिलाई. उन्होंने भारत के लिए कई यादगार‍ पार‍ियां भी है. उनमें से कुछ पार‍ियां तो ऐसी है, जिसे आज तक फैंस भूल नहीं पाए. राउत के नाम दर्ज सबसे बेहतरीन रिकॉर्ड्स में से एक 2017 में पॉचेफस्ट्रूम में आयरलैंड के खिलाफ खेले गए एक वनडे मैच में उनके और दीप्ति शर्मा के बीच हुई 320 रनों की ओपनिंग साझेदारी है. उस मैच में राउत 116 गेंदों पर 109 रन बनाकर चोट के कारण रिटायर हर्ट हो गई थीं, जबकि दीप्ति ने 160 गेंदों पर 188 रन बनाए थे. उन्होंने अपने टेस्ट करियर की शुरुआत शून्य पर आउट होकर की थी, लेकिन 2014 में मैसूर में साउथ अफ्रीका के खिलाफ अपने तीसरे ही टेस्ट मैच में उन्होंने शतक (130 रन) जड़ दिया. 

पूनम राउत का करियर

फॉर्मेट मैच पारी रन हाइएस्ट स्कोर औसत स्ट्राइक रेट 100s 50s
टेस्ट 4 7 264 130 44.00 32.91 1 0
वनडे 73 73 2299 109* 34.83 58.26 3 15
वनडे 35 31 719 75 27.65 92.17 0 4

 

चार T20 वर्ल्ड कप में हिस्सा

अपने T20I करियर में उन्होंने 27.65 की औसत और 92.17 के स्ट्राइक रेट से कुल 719 रन बनाए, जिसमें चार अर्धशतक शामिल थे. उन्होंने T20 वर्ल्ड कप के चार एडिशन 2009, 2010, 2012 और 2014 में हिस्सा लिया. इनमें 2009 में पाकिस्तान के खिलाफ उनकी नाबाद 54 रनों की मैच जिताऊ पारी और 2014 में वेस्ट इंडीज के खिलाफ 52 गेंदों पर 56 रनों की पारी शामिल है. भारत के लिए उनका आखिरी मैच 2021 में करारा में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला गया टेस्ट था, जो ड्रॉ रहा था. इस मैच में उन्होंने 36 और नाबाद 41 रन बनाए थे.  राउत ने अपने करियर को आकार देने का श्रेय अपनी घरेलू टीम को भी दिया. उन्होंने लिखा कि उनके शुरुआती सालों में उन पर भरोसा करने के लिए मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन का बहुत-बहुत धन्यवाद.  वहां उन्हें जो मौके और मार्गदर्शन मिले, उन्होंने ही उनके क्रिकेट सफर की नींव रखी. 

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