भारत की पुरुष टीम के असिस्टेंट कोच रयान टेन डसखाटे अपने पद से हटने पर विचार कर रहे हैं, क्योंकि टीम के स्पेशलिस्ट फील्डिंग कोच के तौर पर उनके रोल में बदलाव की जो उम्मीद थी, वह पूरी नहीं हो पाई. PTI के अनुसार टेन डसखाटे कोलकाता नाइट राइडर्स में हेड कोच गौतम गंभीर के साथ सफल कार्यकाल के बाद उनकी सिफारिश पर 2024 में भारतीय टीम से जुड़े थे और उन्हें शुरुआत में फील्डिंग कोच का रोल देने का वादा किया गया था. हालांकि 2025 चैंपियंस ट्रॉफी के बाद टी दिलीप को एक साल का एक्सटेंशन मिलने और उनके फील्डिंग कोच बने रहने के कारण नेदरलैंड्स के पूर्व कप्तान के पास अब कोई स्पष्ट रोल नहीं बचा है.
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अगर यह सच है, तो यह उन अफ़वाहों के उलट होगा, जिनमें कहा गया था कि टेन डसखाटे 'निजी कारणों' से टीम छोड़ना चाहते थे. टेन डसखाटे 2024 में KKR में गंभीर के साथ काम करते समय फील्डिंग कोच थे, लेकिन भारतीय टीम में अभिषेक नायर के साथ उनका पद 'असिस्टेंट कोच' का ही रहा. रिपोर्ट के मुताबिक डसखाटे को ज़्यादा ज़िम्मेदारी मिलने की उम्मीद थी, क्योंकि असल में दिलीप को चैंपियंस ट्रॉफी के बाद नायर, स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच सोहम देसाई और मसाजर अरुण कनाडे के साथ टीम छोड़ना था. हालांकि भारत के एक 'सीनियर खिलाड़ी' की सिफारिश की वजह से दिलीप का कार्यकाल बढ़ा दिया गया.
सीनियर खिलाड़ी ने की थी जोरदार सिफ़ारिश
रिपोर्ट में BCCI के एक सीनियर अधिकारी के हवाले से कहा गया कि दिलीप के लिए एक सीनियर खिलाड़ी ने जोरदार सिफ़ारिश की थी, जिसके बाद दिलीप का कार्यकाल एक साल के लिए बढ़ा दिया गया. वहीं डसखाटे के पास असल में कोई खास भूमिका नहीं थी. वह एक बेहतरीन कोच हैं, लेकिन दिलीप के होने की वजह से उनका इस्तेमाल नहीं हो पाया. रिपोर्ट के मुताबिक डसखाटे ने BCCI को IPL में लौटने की अपनी इच्छा के बारे में बताया है और एक फ्रेंचाइज के साथ बातचीत भी की है.
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