इंग्लैंड ने 10 खिलाड़ियों के दम पर सह मेजबान मेक्सिको को हराकर फीफा वर्ल्ड कप 2026 के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली है. राउंड ऑफ 16 में इंग्लैंड ने मेक्सिको को 3-2 से हरा दिया. जूड बेलिंगहम ने 98 सेकंड के अंदर दो गोल और फिर हैरी केन ने पेनल्टी पर किए गोल ने इंग्लैंड को रोमांचक जीत दिला दी. इंग्लैंड अब सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए शनिवार को मियामी गार्डन्स फ्लोरिडा में नॉर्वे का सामना करेगा.
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बेलिंगहम ने 80,000 से ज़्यादा दर्शकों को हैरान कर दिया. यह वही मैदान था, जहां मेक्सिको वर्ल्ड कप के 10 मैचों में (जिनमें इस साल के तीन मैच भी शामिल थे) कभी नहीं हारा था. बेलिंगहम ने 36वें मिनट में हेडर से और फिर 38वें मिनट में केन के पास पर गोल किया. जूलियन क्विनोन्स ने 42वें मिनट में मैक्सिको के लिए गोल किया.
हैरी केन का पेनल्टी पर गोल
मैच मेक्सिको के पक्ष में तब झुकता हुआ दिखा, जब इंग्लैंड के जैरेल क्वानसाह को जीसस गैलार्डो के खिलाफ खतरनाक फाउल करने के कारण 54वें मिनट में मैदान से बाहर भेज दिया गया, लेकिन मेक्सिको के गोलकीपर राउल रंगेल की चुनौती के कारण इंग्लैंड को पेनल्टी मिली. केन ने इसे गोल में बदलकर टूर्नामेंट में अपना छठा और वर्ल्ड कप करियर का 14वां गोल किया. इसके साथ ही उन्होंने स्कोरिंग लिस्ट में पांचवें स्थान पर वेस्ट जर्मनी के गर्ड मुलर की बराबरी कर ली. केन के नाम इस टूर्नामेंट में छह गोल हैं. गोल्डन बूट की रेस में वे लियोनेल मेसी, किलियन एम्बाप्पे और एर्लिंग हालैंड से एक गोल पीछे हैं.
केन के नाम अनचाहा रिकॉर्ड
इसके बाद केन ने एक फाउल किया, जिससे वे 1966 के बाद से वर्ल्ड कप मैच में गोल करने और पेनल्टी देने वाले पहले खिलाड़ी बन गए. राउल जिमेनेज ने रुक-रुक कर कदम बढ़ाते हुए किक मारी और मेक्सिको का स्कोर 3-2 कर दिया. मेक्सिको ने आखिरी 21 मिनट और 11 मिनट के स्टॉपेज टाइम में लगातार हमले किए, लेकिन गोलकीपर जॉर्डन पिकफोर्ड और इंग्लैंड के डिफेंडरों ने मजबूती से बचाव किया. मैक्सिको 1986 में टूर्नामेंट की मेजबानी करने के बाद से कभी क्वार्टर फ़ाइनल में नहीं पहुंच पाया है. तब से टीम आठ बार राउंड ऑफ 16 में हारी है, 2022 में ग्रुप स्टेज से आगे नहीं बढ़ पाई और 1990 के टूर्नामेंट से उसे बाहर कर दिया गया था.
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