भारतीय पैरा-आर्चर शीतल देवी ने एशियन गेम्स 2026 में एक बार फिर अपनी काबिलियत साबित कर दी है. उन्होंने एक बार फिर अपना दबदबा साबित कर दिया. महिलाओं के व्यक्तिगत कंपाउंड इवेंट के फाइनल में सिंगापुर की नूर स्याहिदाह अलीम को 142-139 से हराकर शीतल ने गुरुवार को एक घंटे के अंदर अपना दूसरा और इस इवेंट में अपना कुल तीसरा मेडल जीता. वह व्यक्तिगत कंपाउंड इवेंट में अपना खिताब बचाने में कामयाब रहीं. हालांकि भारत की इस बेहतरीन भारतीय पैरा-आर्चर को जीत हासिल करने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा. एक समय गोल्ड उनके हाथ से निकलता दिख रहा था, मगर शीतल ने जबरदस्त वापसी कर गोल्ड बरकरार रखा.
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पहला सेट टाई रहने के बाद शीतल दूसरे सेट में चार शॉट्स से पीछे चल रही थीं, लेकिन वहां से वापसी करते हुए उन्होंने जीत दर्ज की. शीतल ने इससे पहले टोमन कुमार के साथ मिलकर कंपाउंड मिक्स्ड टीम इवेंट में गोल्ड मेडल जीता था. उन्होंने ओडिशा की पायल नाग के साथ मिलकर महिलाओं के कंपाउंड डबल्स इवेंट में सिल्वर मेडल भी जीता. शीतल की इस सफलता ने भारत को 100 मेडल के करीब पहुंचाने में बड़ा योगदान दिया है. भारत के लिए इस एडिशन में कुल 168 एथलीट हिस्सा ले रहे हैं, जो 11 खेलों में प्रतिस्पर्धा करेंगे.
चार अंक से पीछे
गोल्ड मेडल के मुकाबले में अलीम ने शुरुआत में ही शीतल को दबाव में डाल दिया था, जिससे शीतल को अपना व्यक्तिगत खिताब बचाने के लिए काफी संघर्ष करना पड़ा. छह-छह तीरों वाले शुरुआती दो राउंड के बाद सिंगापुर की तीरंदाज ने चार अंकों की बढ़त बना ली थी, जिससे शीतल के सामने वापसी करने की बड़ी चुनौती थी. व्यक्तिगत फाइनल के पहले सेट के बाद दोनों तीरंदाजों का स्कोर 29-29 से बराबर था. दूसरे सेट के बाद शीतल 55-59 से पीछे हो गईं. दूसरे सेट में अलीम ने 30 का परफेक्ट स्कोर बनाया, जबकि भारतीय तीरंदाज ने 26 का स्कोर किया. शीतल ने दूसरे सेट में अपने पहले शॉट में 8 अंक हासिल किए और उसके बाद के दो शॉट्स में उन्होंने 9-9 अंक बनाए.
शीतल ने बाजी पलट दी
शीतल ने तीसरे सेट में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए अंकों का अंतर घटाकर एक कर दिया. इस सेट के अंत में वह अपनी प्रतिद्वंद्वी से 85-86 से पीछे थीं. तीसरे सेट में अलीम ने पहले 10, फिर 9 और उसके बाद 8 अंक हासिल किए, जबकि शीतल ने सभी 10 अंक प्राप्त किए. इससे अलीम की चार अंकों की बढ़त घटकर एक अंक रह गई. इसके बाद चौथे सेट में शीतल ने एक और शानदार सेट खेलते हुए बढ़त बना ली, जबकि अलीम ने तीन बार 9 अंक हासिल किए. आखिरी सेट की शुरुआत में शीतल के पास 115-113 की बढ़त थी.
एक शॉट बाकी रहते हुए शीतल 133-130 से आगे थीं. अलीम ने आठ का स्कोर किया, जबकि शीतल ने नौ का स्कोर किया और इस तरह खिताब जीत लिया. दिन की शुरुआत में शीतल और टोमन ने इंडोनेशियाई जोड़ी थियोडोरा ऑडी आयुडिया फेरेली और केन स्वागुमिलंग के खिलाफ अपने कंपाउंड मिक्स्ड टीम फाइनल में अच्छी शुरुआत की. तीसरे सेट में उन्हें थोड़ी परेशानी हुई, लेकिन आखिरी सेट में उन्होंने फिर से 38 का स्कोर किया. इस तरह शीतल और टोमन ने 151-148 से जीत हासिल की.
2023 की जीत को दोहराया
शीतल के लिए यह जीत इसलिए भी खास है, क्योंकि उन्होंने हांगझोऊ 2023 के फाइनल के कमाल को दोहरया, जहां उन्होंने अलीम को हराकर व्यक्तिगत गोल्ड मेडल जीता था. भारतीय खिलाड़ी ने अब सफलतापूर्वक अपने खिताब का बचाव किया है, जो महिला कंपाउंड स्पर्धा में उनके दबदबे को साबित करता है. पिछले एशियाड में भी शीतल ने दो गोल्ड और एक सिल्वर समेत कुल तीन मेडल जीते थे और उन्होंने इस बार उसी मेडल टैली को दोहराया है.
2026 में शीतल का सफर चीन के हांगझोऊ में हुए 2023 एशियाई पैरा खेलों में उनके शानदार प्रदर्शन जैसा ही रहा है. पिछले एडिशन में उन्होंने महिलाओं की व्यक्तिगत कंपाउंड इवेंट में गोल्ड जीता था और राकेश कुमार के साथ मिलकर कंपाउंड मिश्रित टीम इवेंट में भी गोल्ड मेडल हासिल किया था. इसके अलावा उन्होंने सरिता के साथ मिलकर महिलाओं की टीम इवेंट में सिल्वर मेडल भी जीता था. तीन साल बाद शीतल ने पदक जीतने का अपना कारनामा दोहराया. इस बार उन्होंने व्यक्तिगत और मिक्स्ड टीम इवेंट में गोल्ड मेडल जीते. साथ ही महिलाओं की कंपाउंड डबल्स स्पर्धा में पायल नाग के साथ मिलकर सिल्वर मेडल भी हासिल किया. डबल्स इवेंट के रैंकिंग राउंड में भारतीय जोड़ी शीर्ष पर रही थी, लेकिन बुधवार को फाइनल में उन्हें चीन की ज़्यूकिंग ज़ू और जिंग झाओ से 141-150 से हार का सामना करना पड़ा. हांगझोऊ में एशियन पैरा गेम्स के एक ही एडिशन में दो गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनकर इतिहास रचने के बाद, उन्होंने 2026 में भी इस उपलब्धि को सफलतापूर्वक दोहराया है. महज 19 साल की उम्र में शीतल ने शानदार खेल से कई उपलब्धियां हासिल कर ली.
शीतल की उपलब्धियां
शीतल के लिए यह साल काफी शानदार रहा. एशियाड में इन तीन मेडल से पहले उन्होंने इस साल वर्ल्ड पैरा सीरीज में चार गोल्ड, दो सिल्वर और दो ब्रॉन्ज समेत कुल आठ मेडल जीते थे. पिछले साल भी उन्होंने कमाल किया था और वह वर्ल्ड चैंपियन बनी थी. पिछले साल वर्ल्ड चैंपियनशिप में उन्होंने एक गोल्ड, एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज समेत कुल तीन मेडल जीते थे.
- वर्ल्ड चैंपियनशिप 2023- सिल्वर (व्यक्तिगत)
- एशियन गेम्स 2022- गोल्ड मेडल (व्यक्तिगत)
- एशियन गेम्स 2022- गोल्ड मेडल (मिक्स्ड टीम)
- एशियन गेम्स 2022- सिल्वर मेडल (डबल्स)
- पेरिस ओलिंपिक 2024- ब्रॉन्ज (मिक्स्ड टीम)
- वर्ल्ड चैंपियनशिप 2025- गोल्ड (व्यक्तिगत)
- वर्ल्ड चैंपियनशिप 2025- सिल्वर (डबल्स)
- वर्ल्ड चैंपियनशिप 2025- ब्रॉन्ज (मिक्स्ड टीम)
- बैंकाक वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- गोल्ड (डबल्स)
- बैंकाक वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- गोल्ड (मिक्स्ड टीम)
- नोवे मेस्तो वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- गोल्ड (मिक्स्ड टीम)
- अहमदाबाद वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- गोल्ड (व्यक्तिगत)
- बैंकाक वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- सिल्वर (व्यक्तिगत)
- नोवे मेस्तो वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- सिल्वर (व्यक्तिगत)
- नोवे मेस्तो वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- ब्रॉन्ज (डबल्स)
- अहमदाबाद वर्ल्ड पैरा सीरीज 2026- ब्रॉन्ज (मिक्स्ड टीम)
- एशियन गेम्स 2026- गोल्ड (व्यक्तिगत)
- एशियन गेम्स 2026- गोल्ड (मिक्स्ड टीम)
- एशियन गेम्स 2026- सिल्वर (डबल्स)
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