क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया अपनी ए टीम के भारत दौरे को लेकर संकट में फंसी हुई है. भारत में अगले साल बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी और 2027 वर्ल्ड कप के चलते पेंच फंसा है. ऑस्ट्रेलिया ए टीम को सितंबर-अक्टूबर में भारत का दौरा करना है. इसके तहत दो चार दिवसीय मैच खेले जाने हैं. यह सीरीज अगले साल की शुरुआत में पांच टेस्ट के लिए भारत दौरे के लिहाज से अहम रहेगी. सितंबर में ही ऑस्ट्रेलिया को जिम्बाब्वे और साउथ अफ्रीका जाना है जहां पर कुल छह वनडे होने हैं. यह सीरीज अगले साल के वर्ल्ड कप के चलते जरूरी है.
कूपर कोनोली, मैट रेनशॉ और कुछ खिलाड़ी हैं जो ऑस्ट्रेलिया की वनडे और टेस्ट दोनों स्क्वॉड का अहम हिस्सा हैं. इनके अलावा जैक वेदराल्ड के सेलेक्शन को लेकर भी माथापच्ची हो रही है. अब सेलेक्टर्स इस बात को लेकर मुश्किल में हैं कि इन खिलाड़ियों को ऑस्ट्रेलिया ए के साथ भारत भेजा जाए या फिर अफ्रीका दौरे पर वनडे सीरीज के लिए. ऑस्ट्रेलियाई टीम ने 22 साल से भारत में टेस्ट सीरीज नहीं जीती है. साथ ही वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के लिहाज से भी यह सीरीज अहम रहने वाली है. ऐसे में कोनोली जैसे युवाओं को भारत के हालात के हिसाब से ढालना जरूरी है.
ऑस्ट्रेलिया ए के इंडिया ए के साथ कब है मैच
ऑस्ट्रेलिया ए के इंडिया ए के साथ दो मुकाबले सितंबर के अंत और अक्टूबर के पहले सप्ताह में होने हैं. ये मैच पुडुचेरी में 22 से 25 सितंबर और 29 सितंबर से 2 अक्टूबर तक होने हैं. यह ऑस्ट्रेलिया ए का 12 महीने में भारत का दूसरा दौरा रहेगा. कोनोली बाएं हाथ के बल्लेबाज और स्पिनर हैं. भारतीय कंडीशंस में वे टीम के लिए काफी उपयोगी हो सकते हैं. उन्होंने हाल ही में बांग्लादेश दौरे के जरिए खुद को वनडे टीम में भी स्थापित किया है. रेनशॉ ओपनर के तौर पर भारत के साथ टेस्ट सीरीज में खेल सकते हैं.
ऑस्ट्रेलिया को कब करना है साउथ अफ्रीका-जिम्बाब्वे का दौरा
ऑस्ट्रेलिया को 15 से 30 सितंबर के बीच जिम्बाब्वे और साउथ अफ्रीका से वनडे खेलने हैं. फिर 9 अक्टूबर से प्रोटीयाज टीम के साथ उसकी तीन टेस्ट की सीरीज है. इससे पहले 3 अक्टूबर से दो दिवसीय वॉर्म अप मैच भी है. ऑस्ट्रेलिया के चीफ सेलेक्टर जॉर्ज बैली ने कहा कि उनका पैनल इस बात पर बहस कर रहा है कि किन खिलाड़ियों को भारत भेजा जाए और किनको साउथ अफ्रीका. कोशिश रहेगी कि कुछ खिलाड़ी वनडे स्क्वॉड में रहे तो कुछ को भारत के साथ टेस्ट के लिए तैयार किया जाए.




