वैभव सूर्यवंशी बचाएंगे टेस्ट क्रिकेट! राहुल द्रविड़ ने 15 साल के खिलाड़ी को लेकर यह क्या कहा

SportsTak

SportsTak

अपडेटेड:

google-icon
15 साल का वैभव, 35 के शमी... दलीप ट्रॉफी में भविष्य और अनुभव का होगा बड़ा टेस्ट, J&K के 6 खिलाड़ियों पर भी रहेगा फोकस (Photo: Getty)
15 साल का वैभव, 35 के शमी... दलीप ट्रॉफी में भविष्य और अनुभव का होगा बड़ा टेस्ट, J&K के 6 खिलाड़ियों पर भी रहेगा फोकस (Photo: Getty)

Story Highlights:

वैभव सूर्यवंशी आखिरी बार भारतीय टीम की ओर से जिम्बाब्वे के दौरे पर खेले थे.

सूर्यवंशी ने अभी तक आठ फर्स्ट क्लास मुकाबले खेले हैं. इनमें 17.25 की औसत से ही रन बना सके हैं.

भारत के पूर्व कप्तान और हेड कोच राहुल द्रविड़ का कहना है कि टेस्ट क्रिकेट के भविष्य के लिए वैभव सूर्यवंशी जैसे खिलाड़ियों की जरूरत है. हालांकि उन्होंने सावधान किया कि इस युवा खिलाड़ी के विकास को सही तरीके से संतुलित करने की जरूरत है. वैभव सूर्यवंशी पिछले दो साल से लगातार क्रिकेट खेल रहे हैं और इस दौरान सफेद गेंद से ज्यादा खेले हैं. हालांकि फर्स्ट क्लास क्रिकेट का हिस्सा भी रहे हैं. 

15 साल के सूर्यवंशी ने अभी तक आईपीएल के जरिए ही छाप छोड़ी है. लाल गेंद से वे ज्यादा कुछ नहीं कर पाए हैं. द्रविड़ ने लंदन में यूरोपियन टी20 प्रीमियर लीग से जुड़े एक कार्यक्रम के दौरान कहा, मुझे लगता है कि संतुलन की जरूरत है. और मेरे हिसाब से यह बहुत अच्छी बात है कि वैभव भारत में आईपीएल के जरिए सफेद खेल क्रिकेट खेलने का अनुभव हासिल कर रहा है लेकिन उसके पास भारतीय घरेलू क्रिकेट में जाकर लाल गेंद से खेलने का समय भी है. इसके जरिए वह अपना लाल गेंद का करियर आगे ले जा रहा है. हम सब चाहते हैं कि टेस्ट क्रिकेट बचे, सब चाहते हैं कि टेस्ट क्रिकेट आगे बढ़े और हमें उसके जैसे खिलाड़ियों की जरूरत है जो खेल के सभी फॉर्मेट खेल सकें.

सूर्यवंशी अब कहां खेलेंगे लाल गेंद क्रिकेट

सूर्यवंशी आखिरी बार भारतीय टीम की ओर से जिम्बाब्वे के दौरे पर खेले थे. उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के जरिए इंटरनेशनल क्रिकेट में कदम रखा था. अब वे दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन टीम का हिस्सा हैं. इस टूर्नामेंट के जरिए वे लाल गेंद क्रिकेट खेलेंगे. सूर्यवंशी ने अभी तक आठ फर्स्ट क्लास मुकाबले खेले हैं. इनमें 17.25 की औसत से ही रन बना सके हैं. ऐसे में उन्हें खुद को इस फॉर्मेट में साबित करना होगा. अभी उम्र के जिस पड़ाव पर वे हैं वहां उनके पास सुधार के लिए पर्याप्त समय है. 

सूर्यवंशी के पास इस सीजन फर्स्ट क्लास क्रिकेट में असर डालने का मौका रहेगा. दलीप ट्रॉफी के जरिए वे ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ सीरीज के लिए भी दावेदारी पेश करना चाहेंगे. इसके बाद रणजी ट्रॉफी है जहां बिहार की ओर से वे खेल सकते हैं.