लंका प्रीमियर लीग 2026 में 30 जुलाई को कैंडी रॉयल्स को जाफना किंग्स से 21 रन से हार मिली. पल्लेकेले में हुए मैच में भारत के पूर्व ऑलराउंडर विजय शंकर क्रीज पर थे तब जीत के लिए 22 रन की जरूरत थी. कैंडी की ओर से खेल रहे इस खिलाड़ी ने आखिरी मेडन मेडन खेल दिया और टीम को हार मिली. जाफना की तरफ से दिलशान मदुशंका ने यह ओवर फेंका था. उन्होंने आखिरी गेंद पर विजय शंकर को आउट कर उनके घावों पर नमक छिड़क दिया. जाफना ने सात मैचों पांचवीं जीत हासिल की और अंक तालिका में टॉप पर चली गई. कैंडी की टीम पांच टीमों के कंपीटिशन में चौथे स्थान पर है.
जाफना ने पहले बैटिंग की और कामिल मिशारा के 26 गेंद में 49, चामिंडु विक्रमासिंघे के 15 गेंद में 43 के बूते छह विकेट पर 221 रन का स्कोर बनाया. जवाब में कैंडी की ओर से पवन संदेश ने 21 गेंद में 48 रन बनाए तो शाहीन अफरीदी (24) और कप्तान वानिंदु हसारंगा (24) ने अहम रन जुटाए. लेकिन आखिरी ओवर में विजय शंकर की मदुशंका के सामने गड़बड़ी ने टीम को एक हार दी. जाफना की ओर से दुनिथ वेल्लालागे और शाकिब अल हसन ने तीन-तीन विकेट चटकाए.
विजय शंकर ने कैसे खेला मेडन ओवर
कैंडी की बैटिंग के 19 ओवर पूरे होने के बाद विजय शंकर 15 गेंद में 25 रन बनाकर नाबाद थे. तब टीम नौ विकेट गंवा चुकी थी और आखिरी ओवर के लिए मदुशंका आए. उनके पहले तीन ओवर में 36 रन गए थे. पहली गेंद पर शंकर ने पुल शॉट खेला लेकिन गेंद सही से बल्ले पर नहीं आई. उन्होंने रन नहीं लिया. अगली गेंद वे मिस कर गए. अगली दो गेंद पर भी विजय शंकर बड़ा शॉट नहीं लगा सके. पांचवीं गेंद पर भी उन्होंने बल्ला भांजा लेकिन सफलता नहीं मिली. आखिरी पर वे डीप बैकवर्ड स्क्वेयर पर लपक लिए गए. इसके साथ ही उनकी पारी का अंत हुआ.
विजय शंकर हाल ही में भारतीय क्रिकेट से रिटायर हुए हैं. उन्होंने लंका प्रीमियर लीग में अभी तक आठ मैच खेले हैं जिनमें कुल 146 रन बनाए. उनका सबसे अच्छा प्रदर्शन नाबाद 41 रन का रहा जो उन्होंने 18 गेंद मे दाम्बुला सिक्सर्स के सामने 18 जुलाई को बनाए थे.




