FIFA WC : वर्ल्ड चैंपियन अर्जेंटीना को 72 साल बाद क्वार्टर फाइनल खेलने वाली स्विट्जरलैंड ने जमकर छकाया. एक समय तो उलटफेर तक होता नजर आ रहा था. लेकिन इस बार अर्जेंटीना को मेसी नहीं, बल्कि जूलियन अल्वारेज़ ने बचाया. 1-1 की बराबरी के बाद 10 खिलाड़ियों के साथ खेलने वाली स्विट्जरलैंड ने गोल पोस्ट के सामने डिफेंसिव बस खड़ी कर दी थी. अल्वारेज़ फिर भी नहीं हारे और उन्होंने एक्स्ट्रा टाइम यानी 112वें मिनट में स्विट्जरलैंड की डिफेंसिव बस के ऊपर से गोल करके अर्जेंटीना को सेमीफाइनल का टिकट दिला दिया. इसके बाद स्विट्जरलैंड की टीम वापसी नहीं कर सकी और 3-1 से उनका वर्ल्ड कप में सफर समाप्त हो गया. वहीं अर्जेंटीना ने छठी बार सेमीफाइनल में कदम रखा.
स्विट्जरलैंड के नदोये का जादू
अब दूसरे हाफ में मैदान पर उतरी अर्जेंटीना के सामने स्विट्जरलैंड ने अपनी अटैक लाइन को और आगे बढ़ाया. इसका नतीजा यह रहा कि मैच के 67वें मिनट में रिकार्डो रोड्रिगेज के बेहतरीन असिस्ट पर डैन नदोये ने इस वर्ल्ड कप का अपना दूसरा गोल दाग दिया. जिसके साथ ही स्विस फैंस की खुशी मैदान में देखने लायक थी और दुनिया भर में मेसी के चाहने वालों की आंखों में आंसू आ गए थे.
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10 खिलाड़ियों से खेला स्विट्जरलैंड
1-1 की बराबरी के बाद स्विट्जरलैंड के खिलाड़ी ऐम्बोलो 72वें मिनट में अपने आप मैदान पर गिर गए तो रेफरी ने उनको येलो कार्ड दिया. मगर ऐम्बोलो का यह दूसरा येलो कार्ड था, जो रेड में तब्दील हो गया. इसके चलते ऐम्बोलो रोते हुए मैदान से बाहर गए, लेकिन बाद में स्विट्जरलैंड के 10 खिलाड़ी भी मेसी और उनकी टीम पर भारी नजर आए. जिससे फुल टाइम तक कोई गोल नहीं हुआ. दूसरे हाफ में अर्जेंटीना का सिर्फ एक शॉट गोल पोस्ट की तरफ रहा, जबकि स्विट्जरलैंड ने छह शॉट ऑन टारगेट मारे. शुक्र है कि गोल नहीं हुआ, वरना मैच एक्स्ट्रा टाइम से पहले समाप्त हो सकता था.




