Asian Para Games में पहले दिन भारत ने 4 गोल्ड समेत जीते 11 मेडल, जानिए कहां-कहां मिली सफलता

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रिंकू ने एशियन पैरा गेम्स में गोल्ड जीता.
रिंकू ने एशियन पैरा गेम्स में गोल्ड जीता.

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एशियन पैरा गेम्स 5वीं बार हो रहे हैं और ये 24 अक्टूबर तक चलेंगे.

एशियन पैरा गेम्स में भारत ने 168 एथलीट उतारे हैं.

एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारत ने पहले ही दिन चार गोल्ड समेत कुल 11 मेडल जीत लिया. इससे वह मेडल टैली में चौथे स्थान पर रहा. भारत ने पहले दिन शूटिंग, आर्चरी और एथलेटिक्स में पदक जीते. पहले दिन उसने चार गोल्ड के साथ चार सिल्वर और तीन ब्रॉन्ज मेडल जीते. महिला पैरा शूटिंग में मोना अग्रवाल और अवनि लेखरा 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में पहले व दूसरे स्थान पर रही. शीतल देवी ने महिला कंपाउंड क्वालिफिकेशन में वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया. फिर मिक्स्ड टीम इवेंट में राकेश कुमार के साथ भी ऐसा ही कमाल किया. एशियन पैरा गेम्स 5वीं बार हो रहे हैं और ये 24 अक्टूबर तक चलेंगे. इस बार भारत ने 11 खेलों में 168 एथलीट उतारे हैं.

भारत के पदकों का आगाज शूटिंग के साथ हुआ. मोना ने कमाल की वापसी करते हुए फाइनल में अवनि को पछाड़ते हुए पहला स्थान हासिल किया. 2024 पैरालिंपिक्स की कांस्य पदक विजेता मोना ने छठे स्थान से छलांग लगाते हुए 250 के स्कोर के साथ गोल्ड जीता. उन्होंने इस दौरान एशियन पैरा गेम्स रिकॉर्ड भी बनाया. उन्होंने 0.4 के अंतर से दो बार की पैरालिंपिक चैंपियन अवनि को दूसरे स्थान पर धकेल दिया. 24 साल की अवनि डिफेंडिंग चैंपियन के रूप में उतरी थी. वह 249.6 के स्कोर के साथ दूसरे स्थान पर रही. 

अवनि ने दूसरे स्थान पर रहते 2028 पैरालिंपिक का कोटा भी हासिल किया. मोना ने पिछले महीने साउथ कोरिया में वर्ल्ड शूटिंग पैरा स्पोर्ट वर्ल्ड चैंपियनशिप में सिल्वर जीतते हुए एक कोटा हासिल कर लिया था. मोना के एशियन पैरा गेम्स में पहले स्थान पर रहने से दूसरे नंबर पर रहने वाली अवनि को कोटा मिल गया. मोना क्वालिफिकेशन में 629.1 के स्कोर के साथ टॉप पर रही तो अवनि 626.4 के स्कोर के साथ दूसरे स्थान पर. 

पैरा एथलेटिक्स में छह मेडल

पैरा एथलेटिक्स में भारत को पहले दिन तीन गोल्ड, दो सिल्वर और एक कांस्य पदक मिला. दो बार के पैरालिंपिक सिल्वर मेडलिस्ट निशाद कुमार ने पहली बार लॉन्ग जंप में हिस्सा लिया. उन्होंने 7.11 मीटर की छलांग लगाते हुए पहला स्थान हासिल किया. उन्होंने इन खेलों में भारत का दूसरा गोल्ड दिलाया.  निशाद जब छह साल के थे तब उनका दायां हाथ चारा काटने वाली मशीन में आने से कट गया था. वे इससे पहले हाई जंप में हिस्सा ले रहे थे और उसी स्पर्धा में दो बार पैरालिंपिक में मेडल जीते थे. वे 20 अक्टूबर को हाई जंप में भी हिस्सा लेंगे.

जूडो में कमाल

भारत के जूडो खिलाड़ियों ने दो मेडल पहले दिन दिलाए. कोकिला ने महिलाओं की 52 किलो स्पर्धा की J2 कैटेगरी में सिल्वर जीता तो कपिल परमार को पुरुषों की 70 किलो स्पर्धा की J1 कैटेगरी में कांस्य मिला. कोकिला ने पिछले एशियन पैरा गेम्स में कांस्य जीता था. उन्हें इस बार फाइनल में किर्गिस्तान की एबिके उलानबेक किजी से हार मिली. कपिल को पिछली बार चांदी मिली थी. इस बार सेमीफाइनल में इंडोनेशिया के जुनैदी से हार मिली. हालांकि कांस्य पदक मुकाबले में उन्होंने इंडोनेशिया के ही अहनाम राफली शिद्दी को हराया. J1 कैटेगरी में ऐसे जूडोका आते हैं जिनकी आंखों की रोशनी पूरी तरह से नहीं होती है. वहीं J2 कैटेगरी में ऐसे खिलाड़ी रहते हैं जिन्हें थोड़ा बहुत दिखाई देता है.

तैराकी में मिली चांदी

भारत के रवि कार्तिक बुडिजिना ने पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल S13 इवेंट में सिल्वर मेडल जीता. उन्होंने 56.68 सैकेंड्स के साथ दूसरा स्थान हासिल किया. S13 कैटेगरी में ऐसे एथलीट रहते हैं जिन्हें दिखने में थोड़ी समस्या रहती है.

बैडमिंटन में मेडल पक्के

एशियन पैरा गेम्स में बैडमिंटन में भारत के तीन पदक तय हो गए. पैरालिंपिक सिल्वर मेडलिस्ट भाविना पटेल, प्राची पांडे और सोनलबेन ने मेडल पक्के किए. प्राची ने महिलाओं के क्लास 6 इवेंट में थाईलैंड को कानोकपॉर्न फउाथुमचाई को हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई. उन्होंने 11-5, 11-4, 11-13, 12-10 से जीत हासिल की. इसके चलते भारत ने पहली बार क्लास 6 में मेडल तय किया. क्लास 6 में ऐसे एथलीट आते हैं जिनके दोनों पैरों व हाथों में गंभीर समस्या होती है. सोनल ने क्लास 3 में थाईलैंड की ही डरारात असायुत को मात दी तो भाविना ने क्लास 4-5 में चीन की झेंग मियाओ को हराकर अंतिम-4 का टिकट कटाया. सोनल ने 11-7, 8-11, 11-5, 11-5 से मैच जीता. क्लास 3 व्हीलचेयर कैटेगरी होती है. इसमें ऐसे एथलीट रहते हैं जिनमें बैठने में समस्या रहती है. भाविना ने 8-11, 11-6, 11-1, 11-6 से क्वार्टर फाइनल मैच जीता. क्लास 4-5 में ऐसे एथलीट रहते हैं जो बैठकर ही खेल पाते हैं. 

बैडमिंटन में ही नीतेश कुमार और तुलसीमति मुरुगेसन ने मिक्स्ड डबल्स में मेडल तय किया. इन्होंने SL3-SU5 क्लास में सेमीफाइनल में जगह बनाई. इनके अलावा पुरुष एकल में SL3 क्लास में नीतेश को जीत मिली. पुरुष एकल की SU5 क्लास में रुत्विक रुघुपति को भी जीत मिली. SL3 में शरीर के निचले हिस्से में समस्या वाले एथलीट शामिल होते हैं तो SU5 में शरीर के ऊपरी हिस्सा में दिक्कत होती है.

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