कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में एथलेटिक्स के पहले दिन भारत के लिए क्वालिफाइंग से मिलीजुली खबरें आई. 100 मीटर स्पर्धा में भारत के सबसे तेज एथलीट गुरिंदरवीर सिंह हीट्स में ही बाहर हो गए. वे सेमीफाइनल में भी नहीं जा सके. लेकिन पुरुषों की लॉन्ग जंप स्पर्धा में मुरली श्रीशंकर फाइनल में पहुंच गए तो 110 मीटर हर्डल्स में तेजस शिरसे ने भी फाइनल का टिकट कटाया. वे इस स्पर्धा के फाइनल में जाने वाले पहले भारतीय हैं.
गुरिंदरवीर सिंह उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे. वे हीट्स के बाद कुल मिलाकर 28वें पायदान पर रहे. उन्होंने 10.39 सैकंड में रेस पूरी की. 25 साल के इस एथलीट ने कुछ महीनों पहले 10.09 सैकंड में रेस पूरी कर धूम मचा दी. ऐसे में उनसे कॉमनवेल्थ गेम्स में काफी उम्मीद थी. वे हीट 4 में दौड़े और उन्होंने शुरुआत अच्छी की थी लेकिन आखिरी 30-35 मीटर में जमैका के रोहन वॉटसन से पिछड़ गए. वॉटसन ने 10.13 सैकंड के साथ हीट जीती और वे ऑवरऑल नौवें नंबर पर रहते हुए सेमीफाइनल में चले गए.
गुरिंदरवीर ने 2 महीने पहले किया था कमाल
100 मीटर रेस स्पर्धा में कुल 24 एथलीट ने सेमीफाइनल में जगह बनाई. गुरिंदरवीर ने मई में रांची में हुए फेडरेशन कप में 10.09 सैकंड के साथ रेस जीतकर नेशनल रिकॉर्ड बनाया था. साथ ही 10.10 सैकंड के बैरियर को तोड़ने वाले पहले भारतीय बने थे. घाना के बेंजामिन अजामाती व अब्दुल राशिद सामिनु ने क्रमश: 10.00 सैकंड व 10.01 सैकंड के साथ क्वालिफाइंग में पहले दो स्थान पर जगह बनाई.
तेजस शिरसे ने कैसे कटाया फाइनल का टिकट
पुरुषों की 110 मीटर हर्डल्स में तेजस ने 13.76 सैकंड के साथ रेस पूरी की. वह हीट्स में ओवरऑल छठे स्थान पर रहे. इसके जरिए वह फाइनल में चले गए. उन्होंने हीट 1 में तीसरा स्थान हासिल किया था. इंग्लैंड के सैम्युअल बेनेट ने 13.20 सैकंड के साथ हीट्स में पहला स्थान हासिल किया. फाइनल में हरेक हीट के टॉप-3 और इसके बाद के दो सबसे तेज एथलीट जाते हैं. शिरसे का सीजन बेस्ट जून में आया था. तब उन्होंने 13.27 सैकंड में रेस पूरी की थी.




