कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय एथलीट्स को पाकिस्तानी खिलाड़ियों के साथ हाथ मिलाने को लेकर खुद से फैसला करने की छूट दी गई है. वे उनसे बात करने को लेकर भी स्वतंत्र हैं. लेकिन पड़ोसी देश के किसी खिलाड़ी से गिफ्ट लेने पर पाबंदी रहेगी. कॉमनवेल्थ गेम्स 23 जुलाई से शुरू हुए हैं और ग्लास्गो में चल रहे हैं.
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, भारत और पाकिस्तान दोनों के एथलीट एक ही होटल में रह रहे हैं. इन खेलों में खेल गांव नहीं बनाया गया है. इसकी जगह जोन के हिसाब से खिलाड़ियों के रहने की व्यवस्था की गई है. भारत और पाकिस्तान दोनों एक ही जोन में हैं. ऐसे में एक ही जगह पर रहने से भारत-पाकिस्तान के खिलाड़ियों का आमना-सामना होना सामान्य बात है.
रिपोर्ट में कहा गया है कि हाथ मिलाना, एक दूसरे से बात करना या अभिवादन करना पूरी तरह से खिलाड़ियों पर निर्भर करेगा. उन्हें इस संबंध में कोई निर्देश नहीं दिया गया है. अगर किसी खिलाड़ी को मदद लेनी है तो वह अपने खेल के महासंघ से बात कर सकता है. लेकिन भारतीय खिलाड़ियों पर पाकिस्तानी एथलीट्स से गिफ्ट लेने पर रोक रहेगी.
क्रिकेट में हाथ मिलाने से दूरी
क्रिकेट के मैदान पर ऑपरेशन सिंदूर के बाद से देखा गया है कि भारतीय खिलाड़ी पाकिस्तानी टीम के साथ हाथ नहीं मिला रहे. ऐसा एशिया कप, टी20 वर्ल्ड कप, महिला वर्ल्ड कप, महिला टी20 वर्ल्ड कप के दौरान देखा गया था. लेकिन कॉमनवेल्थ गेम्स के दौरान इससे अलग मत रखा गया है. उदाहरण के तौर पर लॉन बॉल्स के खिलाड़ियों से कहा गया है कि वे अगर पाकिस्तानी खिलाड़ियों के साथ हाथ मिलाते हैं, हाई फाइव करते हैं या सलाम-नमस्ते करते हैं तो कोई दिक्कत नहीं है. दूसरे खेलों में भी इसी तरह का संदेश दिया गया है.




