जापान के आईची नागोया में भाग लेने के लिए भारतीय मुक्केबाज अब पूरी तरह से तैयार हैं. कॉमनवेल्थ गेम्स में 10 मेडल जीतने के बाद मुक्केबाज अब एशियन गेम्स में भी मेडल की झड़ी लगाना चाहेंगे. इसके लिए भारत के कुल 11 मुक्केबाज (6 पुरुष और 5 महिला) जापान में अपना दमखम दिखाएंगे. मगर इससे ठीक पहले बॉक्सिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (बीएफआई) ने बड़ा ऐलान करते हुए बताया कि जो भी मुक्केबाज एशियन गेम्स में मेडल जीतेगा, उसके लिए 2028 लॉस एंजिलिस ओलिंपिक के दरवाजे एक तरह से पूरी तरह खुल जाएंगे. बीएफआई ने मुक्केबाजों के ओलिंपिक तक जाने के रास्ते की पूरी जानकारी साझा कर दी है.
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बीएफआई ने क्या बनाया ऑलिंपिक जाने का रास्ता ?
बीएफआई ने बताया कि जो भी मुक्केबाज एशियन गेम्स 2026 में मेडल जीतेगा, उसको सीधा 2027 में होने वाली वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप का टिकट मिल जाएगा. जो कि साल 2028 में होने वाले ओलिंपिक गेम्स का पहला क्वालीफाइंग इवेंट भी होगा. अब जिन भी मुक्केबाजों को 2028 का ओलिंपिक खेलना है, उनके लिए एशियन गेम्स 2026 काफी महत्वपूर्ण हो चला है, क्योंकि इसमें मेडल जीतने के बाद उनको राष्ट्रीय स्तर पर होने वाली चैंपियनशिप में वरीयता मिलेगी. बीएफआई अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा कि ये प्लानिंग हमारे मुक्केबाजों को लॉस एंजिलिस 2028 तक पहुंचने के लिए एक स्पष्ट और व्यवस्थित पाथवे देने के उद्देश्य से तैयार की गई है.
अगर किसी को नहीं मिला कोटा तो क्या होगा ?
वहीं वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में कोटा बाउट वाले मैच तक पहुँचने के बाद भी अगर कोई मुक्केबाज कोटा हासिल नहीं कर पाता है, इस स्थिति में उसको सीधा एशिया क्वालीफायर में खेलने का मौका मिलेगा, जो ओलिंपिक 2028 के लिए दूसरा क्वालीफाइंग इवेंट होगा. जबकि बाकी स्थान एलीट राष्ट्रीय शिविर में शामिल मुक्केबाजों के बीच रैंकिंग चयन ट्रायल के जरिए भरे जाएंगे. वहीं दूसरे क्वालीफाइंग इवेंट में भी जो एथलीट क्वालीफाई नहीं कर सकेंगे, वो फिर 2028 में ओलिंपिक से पहले हंगरी में होने वाले तीसरे क्वालीफाइंग इवेंट के जरिए खुद को ओलिंपिक में शामिल करने का आखिरी मौका पाएंगे. अगर तीसरे इवेंट में भी कोटा नहीं मिला तो फिर मुक्केबाज का ओलिंपिक खेलने का सपना धरा रह जाएगा.
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एशियन गेम्स 2026 में जाने वाले पुरुष भारतीय मुक्केबाज :- जादुमणि सिंह (55 किग्रा), सचिन सिवाच (60 किग्रा), सुमित कुंडू (70 किग्रा), अंकुश (80 किग्रा), कपिल पोखरिया (90 किग्रा) और नरेंद्र बेरवाल (+90 किग्रा).
एशियन गेम्स 2026 में जाने वाली महिला भारतीय मुक्केबाज :- लवलीना बोरगोहेन (75 किग्रा, ओलिंपिक पदक विजेता), साक्षी चौधरी (51 किग्रा), प्रीति पवार (54 किग्रा), प्रिया घनघस (60 किग्रा), परवीन हुड्डा (65 किग्रा).
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