अमेरिका में जारी एमएलसी यानी मेजर लीग क्रिकेट टी20 लीग के फाइनल में वाशिंगटन फ्रीडम ने लगातार तीसरी बार जगह बनाई. वाशिंगटन फ्रीडम ने साल 2024 में खिताब जीता, तो साल 2025 में रनर-अप रही और अब एक बार फिर फाइनल खेलते नजर आएगी. इसके लिए स्टीव स्मिथ की कप्तानी वाली वाशिंगटन ने सैन फ्रांसिस्को यूनिकॉर्न्स के सामने 239 रनों का विशाल लक्ष्य रखा. जिसके जवाब में सैन फ्रांसिस्को के लिए आईपीएल 2026 सीजन में चेन्नई सुपर किंग्स से खेलने वाले मैथ्यू शॉर्ट ने 121 रन की पारी खेली. लेकिन वह टीम के लिए आखिरी छह गेंदों में 22 रन नहीं बना सके. जिससे वाशिंगटन ने सात रन से जीत दर्ज की और अब उनकी टीम फाइनल में लॉस एंजिलिस नाइट राइडर्स का सामना करेगी.
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वाशिंगटन फ्रीडम के लिए गिर से गरजा गाउस का बल्ला
ओकलैंड के मैदान पर खेले गए एलिमिनेटर मुकाबले में स्टीव स्मिथ की कप्तानी वाली वाशिंगटन के मिचेल ओवेन और स्मिथ का बल्ला गरजा, लेकिन दोनों बड़ी पारी नहीं खेल सके. ओवेन ने 19 गेंदों में पांच छक्कों की मदद से 42 रन बनाए, तो स्मिथ ने 20 गेंदों में तीन छक्के और चार चौकों की मदद से 43 रन बनाए. इसके बाद रही-सही कसर पिछले मैच में शतक जड़ने वाले एंड्रीस गाउस ने पूरी कर डाली. गाउस ने एक बार फिर 40 गेंदों में आठ चौके और तीन छक्कों की मदद से 73 रन बनाए. जिससे वाशिंगटन फ्रीडम ने पहले खेलते हुए 20 ओवर में छह विकेट पर 238 रन का विशाल टोटल बनाया. सैन फ्रांसिस्को यूनिकॉर्न्स के लिए सबसे अधिक तीन विकेट जेवियर बार्टलेट ने झटके.
मैथ्यू शॉर्ट ने उड़ाया शतक
अब 239 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सैन फ्रांसिस्को यूनिकॉर्न्स के लिए नंबर तीन पर आने वाले मैथ्यू शॉर्ट ने मोर्चा संभाला. लेकिन उन्हें बाकी किसी बल्लेबाज का साथ नहीं मिला. शॉर्ट ने 46 गेंदों में शतक पूरा किया और जब टीम को आखिरी छह गेंदों में 22 रन की दरकार थी, तो वह स्ट्राइक पर भी थे. शॉर्ट ने अंतिम ओवर की पहली दो गेंदों पर छक्का और चौका लगाया, लेकिन बाद में बाउंड्री नहीं लगा सके, तो टीम को सात रन से हार का सामना करना पड़ा. इस तरह शॉर्ट 56 गेंदों में 11 चौके और आठ छक्कों की मदद से 121 रन बनाकर नाबाद लौटे, लेकिन मैच विनर नहीं बन सके.
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सौरभ नेत्रवलकर बने गेंदबाजी में हीरो
दूसरी तरफ वाशिंगटन के लिए आखिरी ओवर में 22 रन बचाने का काम मिचेल ओवेन आसानी से इसलिए कर सके. क्योंकि इससे पहले 19वें ओवर में सौरभ नेत्रवलकर ने सिर्फ सात रन देकर 12 गेंदों में 29 रन के रोमांचक मुकाबले में टीम के लिए विजयी ओवर फेंका था. जिसके बूते आखिरी ओवर में 22 रन बनाना विरोधी टीम के लिए पहाड़ जैसा बन गया था. सौरभ ने चार ओवर में 35 रन देकर एक विकेट झटका और वह गेंदबाजी में हीरो रहे.
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