पीवी सिंधु और लक्ष्य सेन अपने-अपने क्वार्टर फाइनल मुकाबलों में सीधे गेम में हार गए, जिससे इंडोनेशिया मास्टर्स बैडमिंटन टूर्नामेंट में भारत की चुनौती शुक्रवार को समाप्त हो गई. दो बार की ओलिंपिक मेडलिस्ट सिंधु को क्वार्टर फाइनल में चीन की शीर्ष वरीयता प्राप्त और विश्व नंबर चार खिलाड़ी चेन यू फेई के खिलाफ 42 मिनट तक चले मुकाबले में 13-21, 17-21 से हार का सामना करना पड़ा. इस हार के साथ ही सिंधु का सुपर 500 स्तर के इस टूर्नामेंट में सफर खत्म हो गया.
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इस मुकाबले में भारतीय स्टार को गुस्सा दिखाना भी भारी पड़ा. दूसरे गेम में सिंधु को पहले येलो कार्ड और फिर तुरंत रेड कार्ड दिखाया गया. दोनों कार्ड सिंधु के 12-17 से पीछे होने पर गुस्सा करने की वजह से मिले. उनकी चेयर अंपायर से बहस हो गई थी. उन्होंने बीते दिन ही इतिहास रचा था. प्री क्वार्टर फाइनल की जीत उनके सिंगल्स करियर की 500वीं जीत थी और वह इस मुकाम तक पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला बैडमिंटन खिलाड़ी बन गई थीं. अब सिंधु का चेन यू फेई के खिलाफ रिकॉर्ड 6-8 हो गया है. उन्होंने चीन की इस खिलाड़ी के खिलाफ पिछली जीत साल 2019 में दर्ज की थी.
लक्ष्य सेन सीधे गेमों में हारे
मैंस सिंगल्स में 2021 विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता लक्ष्य सेन को थाईलैंड के उभरते खिलाड़ी पनिचाफोन तीरारत्साकुल से कड़े मुकाबले में 18-21, 20-22 से हार मिली. यह मैच 46 मिनट तक चला. लक्ष्य दोनों गेम में कड़ी टक्कर देने के बाद भी जीत दर्ज करने में नाकाम रहे.
लक्ष्य को हराने से पहले थाईलैंड का 21 साल कर यह खिलाड़ी प्री-क्वार्टरफाइनल में मलेशिया के पेरिस ओलिंपिक 2024 के कांस्य पदक विजेता ली जी जिया को भी टूर्नामेंट से बाहर कर चुका है. इससे पहले गुरुवार को किदांबी श्रीकांत और अनमोल खरब पुरुष और महिला एकल वर्ग में हारकर बाहर हो गए थे. मैंस डबल्स में हरिहरन अमसकरुणन और एम आर अर्जुन की जोड़ी भी प्री-क्वार्टरफाइनल से आगे बढ़ने में नाकाम रही. विमेंस डबल्स में भारत की कोई भी जोड़ी हिस्सा नहीं ले रही थी जबकि दो भारतीय जोड़ियां पहले दौर में ही टूर्नामेंट से बाहर हो गई थीं.
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