सुपरस्टार भारतीय ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने बड़ा कदम लेते हुए बेंगलुरु को ठिकाना बना लिया. उन्होंने मुंबई छोड़ दी है. हार्दिक पंड्या ने बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) को करियर के बाकी बचे हिस्से में स्थायी ट्रेनिंग बेस बनाने का फैसला किया है. वे पहले भारतीय क्रिकेटर हैं जिन्होंने ऐसा किया है. 2027 वर्ल्ड कप के लिहाज से हार्दिक भारतीय टीम के लिए काफी अहम हैं. लेकिन हालिया समय में वह काफी चोटिल रहे हैं. उन्हें लगातार COE जाना पड़ा है. वे अभी भी चोटिल चल रहे हैं.
हार्दिक पंड्या ने बेंगलुरु को क्यों बनाया ठिकाना
हार्दिक घरेलू क्रिकेट में बड़ौदा की ओर से खेलते हैं लेकिन रहते मुंबई में हैं. वे यहां पर मुंबई इंडियंस की फैसेलिटी में प्रैक्टिस करते थे. लेकिन यह जगह उनके घर से दूर पड़ती है और इस वजह से उन्हें समस्या हो रही थी. ऐसे में हार्दिक ने बेंगलुरु को ठिकाना बनाया है. समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट में कहा गया है कि हार्दिक ने COE के पास ही किराए पर घर ले लिया है. वे अब इसी में रहेंगे. 32 साल का यह ऑलराउंडर अभी क्वाड्रिशेप्स इंजरी से रिकवर हो रहा है. इसकी वजह से वह इंग्लैंड दौरे पर वनडे सीरीज से बाहर हो गए.
हार्दिक पंड्या को मिलेगी COE की हर सुविधा
हार्दिक पंड्या बीसीसीआई के सेंट्रल कॉन्ट्रेक्ट में शामिल हैं. ऐसे में उनके पास COE की हरेक सुविधा की पहुंच है. इनमें इंजरी मैनेजमेंट से लेकर स्किल्स ट्रेनिंग तक शामिल है. आईपीएल, घरेलू क्रिकेट और टीम इंडिया के लिए नहीं खेलने की स्थिति में वे यहीं रहकर प्रैक्टिस करेंगे. आमतौर पर बीसीसीआई कॉन्ट्रेक्ट में शामिल खिलाड़ी चोटिल होने पर COE जाते हैं. वहां से उन्हें फिटनेस सर्टिफिकेट लेना होता है. जो खिलाड़ी सेंट्रल कॉन्ट्रेक्ट में नहीं होते हैं उनका COE में रहने का खर्चा उनकी स्टेट एसोसिएशन उठाती है.
हार्दिक ने रखा पर्सनल फिजियो और स्ट्रेंथ व कंडीशनिंग कोच
बताया जाता है कि हार्दिक पंड्या ने अपना अलग फिजियो और स्ट्रेंथ व कंडीशनिंग कोच भी रखा है. ये दोनों उन्हें COE से बाहर ट्रेनिंग के दौरान मदद करेंगे. हार्दिक जब नेट बॉलर्स के सामने अभ्यास करते हैं तो उन्हें अपनी जेब से पैसे देते हैं. कहा जा रहा है कि वह कम से कम पांच से छह साल खेलना चाहते हैं. इसी को ध्यान में रखते हुए ट्रेनिंग व इंजरी मैनेजमेंट पर फोकस कर रहे हैं.


