भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने 2028 लॉस एंजिल्स ओलिंपिक खेलों के लिए क्वालिफाई कर लिया. इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) ने 29 जून को यह जानकारी दी. भारत के साथ ही इंग्लैंड,. ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका ने इस इवेंट के लिए सीधे जगह बनाई. इंटरनेशनल ओलिंपिक कमिटी (आईओसी) ने बताया कि ओलिंपिक में महिला क्रिकेट स्पर्धा के लिए महिला टी20 वर्ल्ड कप 2026 को बेंचमार्क रखा गया. इसके तहत टूर्नामेंट में टॉप 4 में रहने वाली टीमों को सीधे जगह मिलेगी. भारत हालांकि टॉप 4 में नहीं रही फिर भी उसे ओलिंपिक में सीधे दाखिला मिल गया. जानिए यह कैसे हुआ.
भारतीय महिला टीम को कैसे मिली ओलिंपिक की टिकट
महिला टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टॉप 4 यानी सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, साउथ अफ्रीका और वेस्ट इंडीज की टीमें गईं. इस लिहाज से इन चारों को सीधे ओलिंपिक का टिकट मिलना था. मगर वेस्ट इंडीज को दाखिला नहीं मिला. ऐसा इसलिए क्योंकि कैरेबियाई देश की एक संयुक्त नेशनल ओलिंपिक कमिटी नहीं है. सबकी अपनी-अपनी कमिटी है और वे अलग-अलग ओलिंपिक में हिस्सा लेते हैं. हालांकि क्रिकेट में सबकी एक संयुक्त टीम है जिसे वेस्ट इंडीज कहा जाता है. लेकिन ओलिंपिक्स में यह एक टीम के तौर पर नहीं खेल सकते.
इस तरह से भारत के लिए खुला दरवाजा
वेस्ट इंडीज इस वजह से सीधे ओलिंपिक में जगह नहीं बना सका. इससे भारतीय टीम की किस्मत खुल गई. वह टूर्नामेंट में पांचवें स्थान पर रही. वह ग्रुप 1 में तीसरे पायदान पर थी. श्रीलंका की टीम ग्रुप 2 में तीसरे स्थान पर रही. मगर भारतीय महिला टीम की नेट रन रेट बेहतर थी. इससे वह श्रीलंका को पछाड़ते हुए ओलिंपिक के लिए चली गई.
ओलिंपिक में क्या है क्रिकेट क्वालिफिकेशन का रास्ता
ओलिंपिक में क्रिकेट 128 साल बाद शामिल हो रहा है. अमेरिका के लॉस एंजिल्स में होने वाले इवेंट में महिला व पुरुष दोनों कैटेगरी में छह-छह टीमें हिस्सा लेंगी. पुरुषों में चार टीमों को सीधे जगह मिलेगी. इनका फैसला 31 दिसंबर 2026 को आईसीसी टी20 टीम रैंकिंग के जरिए होगा. एक जगह मेजबान की रहेगी. इसके जरिए अमेरिका खेलेगा. आखिरी जगह को ग्लोबल क्वालिफायर के जरिए भरा जाएगा. इसमें श्रीलंका, अफगानिस्तान, बांग्लादेश, न्यूजीलैंड, पाकिस्तान जैसी टीम शामिल होगी. एक टीम कैरेबियाई देशों से आएगी और इसका फैसला एक अलग क्वालिफायर से होगा.


