स्कूल से ब्रेक और बास्केटबॉल पसंद न आने पर खेलना शुरू किया क्रिकेट, टीम इंडिया में मिली जगह, जानिए 26 साल के धुरंधर की कहानी

अफगानिस्तान के साथ टेस्ट और वनडे स्क्वॉड के लिए पंजाब के उभरते तेज गेंदबाज गुरनूर बराड़ को पहली बार जगह दी गई. उनके घरेलू क्रिकेट के आंकड़े ज्यादा खास नहीं हैं फिर भी सेलेक्टर्स ने उन पर भरोसा किया.

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गुरनूर बराड़ (बाएं) इंडिया ए की तरफ से खेल चुके हैं. (Photo: BCCI)

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26 साल के गुरनूर बराड़ को भारतीय तेज गेंदबाजी के भविष्य के तौर पर देखा जा रहा है

गुरनूर बराड़ पिछले एक साल से लगातार इंडिया ए के लिए खेल रहे थे.

अफगानिस्तान के साथ भारतीय टेस्ट और वनडे स्क्वॉड में पंजाब से आने वाले युवा तेज गेंदबाज गुरनूर बराड़ को चुना गया. वे पहली बार टीम इंडिया का हिस्सा बने. 26 साल के गुरनूर को भारतीय तेज गेंदबाजी के भविष्य के तौर पर देखा जा रहा है. छह फीट पांच इंच के कद के चलते वे पिच से रफ्तार के साथ ही उछाल हासिल करते हैं. ऐसे में उन्हें सेलेक्टर्स ने स्क्वॉड में जगह दी. वे पिछले एक-डेढ़ साल से लगातार इंडिया ए के लिए खेल रहे थे. लेकिन गुरनूर बराड़ का क्रिकेट से लगाव अलग वजह से शुरू हुआ.

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गुरनूर बराड़ ने क्यों छोड़ा बास्केटबॉल

गुरनूर के पिता बास्केटबॉल खेल चुके हैं. वे बेटे की ऊंची-लंबी कदकाठी के चलते  चाहते थे कि वह बास्केटबॉल या टेनिस में जाएं. इस वजह से गुरनूर बास्केटबॉल खेलने लगे लेकिन उनका मन लगा नहीं. वे दिन में इस खेल की प्रैक्टिस के बाद शाम में गली क्रिकेट खेलते और वहां उन्हें ज्यादा मजा आता. इससे क्रिकेट में उनका मन रमने लगा. जब वे 16 या 17 साल के थे तब पहली पेशेवर क्रिकेट खेलने लगे. यही वह समय था जब वे पहली बार लेदर गेंद से खेले.

गुरनूर बराड़ ने कब क्रिकेट को लिया गंभीर

गुरनूर ने क्रिकेट को गंभीरता से लेने के बारे में ईएसपीएनक्रिकइंफो से बात करते हुए कहा, जब मैं 10वीं कक्षा में था तब मेरे दोस्त सचिन बक्शी ने कहा कि अगर हम जिला क्रिकेट खेलने के लिए तैयारी कैंप में जाते हैं तो हमें स्कूल से एक महीने का ब्रेक मिलेगा. मैंने कहा कि इससे ज्यादा क्या चाहिए. स्कूल से छुट्टी और क्रिकेट भी खेलो. इसलिए शुरू में मैं मजे के लिए क्रिकेट खेलने गया. मेरे कद और ताकत की वजह से 16 साल की उम्र में मैं तेज बॉल डाला करता था. तब मैं होशियारपुर की तरफ से खेलता था. सेक्रेटरी ने सुझाव दिया कि मोहाली की तरफ से खेलना चाहिए. तब दो साल वहां से खेला और फिर सीधे अंडर 23 टूर्नामेंट में पंजाब की तरफ से खेला. मैंने स्टेट लेवल पर अंडर 19 क्रिकेट नहीं खेला.

गुरनूर ने कहा कि जब उनका भारतीय टीम में सेलेक्शन हुआ तब वे सो रहे थे. उठने पर उन्हें चयन का पता चला. उन्हें टेस्ट स्क्वॉड में जगह मिलने की उम्मीद थी लेकिन वनडे स्क्वॉड में भी नाम देखा तो वे चौंक गए. यह पेसर आईपीएल में गुजरात टाइटंस का हिस्सा रहे हैं. हालांकि उन्हें यहां खेलने का मौका नहीं मिला.

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