भारत को टी20 वर्ल्ड कप 2026 जिताने वाले संजू सैमसन आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स की जर्सी में नजर आए. वह राजस्थान रॉयल्स में एक लंबा समय बिताने के साथ उससे अलग हो गए थे. भारत के विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन ने खुलासा किया कि राजस्थान रॉयल्स से एक दशक से अधिक समय तक जुड़े रहने के बाद इस आईपीएल फ्रेंचाइज को छोड़ना उनके करियर के सबसे मुश्किल फैसलों में से एक था. हालांकि एमएस धोनी और ऋतुराज गायकवाड़ के साथ उनके मजबूत रिश्ते ने चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) में उनका सफर आसान बना दिया.
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सैमसन आईपीएल 2026 से पहले ‘ट्रेड’ के जरिए सीएसके में शामिल हुए. पांच सालों तक राजस्थान रॉयल्स की कप्तानी करने वाले इस खिलाड़ी ने जियोस्टार के कार्यक्रम ‘सुपरस्टार्स’ में कहा बताया कि राजस्थान रॉयल्स से आगे बढ़ना उनके लिए बहुत बड़ा फैसला था. उनका कहना है कि जब किसी टीम के लिए लंबे समय तक खेलते हैं, तो वह अपनी टीम लगने लगती है और कोई उन्हें यहां से नहीं हटा सकता. सैमसन ने बताया कि लेकिन उन्हें हमेशा यह अहसास था कि हर किसी का एक जगह पर समय सीमित होता है.
सैमसन के बिना भी राजस्थान तैयार
उनका कहना है कि आईपीएल 2025 के बाद उन्हें लगा कि अब उन्हें आगे बढ़ जाना चाहिए. उन्होंने खुद से कहा कि लड़के तैयार हैं और राजस्थान रॉयल्स अब संजू सैमसन के बिना भी खेलने के लिए तैयार है. तभी उन्होंने टीम छोड़ने का फैसला किया. केरल के इस क्रिकेटर ने बताया कि राजस्थान रॉयल्स छोड़ने के बाद उनके सामने कुछ विकल्प थे, लेकिन उन्होंने सीएसके को चुना, क्योंकि यह उनकी खेलने के स्टाइल के लिए सबसे सही फ्रेंचाइज लगी. उन्होंने कहा कि पीली जर्सी पहनना उनके लिए खास अनुभव था.
सैमसन ने कहा कि उस समय उनके पास दो-तीन विकल्प थे, लेकिन सीएसके, माही भाई का असर, खुद फ्रेंचाइज और वहां उनके दोस्त विशेषकर ऋतुराज इन सबकी वजह से उनका उनसे अच्छा जुड़ाव था. दूसरे खिलाड़ियों से सीएसके के बारे में जो कुछ सुना था, उससे उन्हें लगा कि यह फ्रेंचाइज उनके स्वभाव और खेल के मुताबिक है. सैमसन ने आईपीएल के इस सीजन में चेन्नई की तरफ से 14 मैच खेले थे, जिसमें उन्होंने 43.36 की औसत और 165.62 की स्ट्राइक रेट से कुल 477 रन बनाए थे. इसके दौरान उन्होंने दो शतक और एक अर्धशतक लगाया था.
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