स्टार भारतीय ऑलराउंडर मानव सुथार के पिता जगदीश ने बताया है कि उनका परिवार बेटे को टेस्ट कैप मिलते हुए देखने के लिए मुल्लांपुर तो गया था, लेकिन अफगानिस्तान के खिलाफ खेले जा रहे इकलौते टेस्ट मैच के दूसरे दिन उन्हें खेलते हुए देखने के डर से वे वापस लौट आए. राजस्थान के श्रीगंगानगर में फिजिकल एजुकेशन टीचर के तौर पर रिटायर हो चुके जगदीश अपने बड़े बेटे मानव को भारत के लिए टेस्ट डेब्यू करते हुए देखने के लिए परिवार के साथ मुल्लांपुर गए थे, लेकिन रविवार 7 जून को टेस्ट मैच के दूसरे दिन जगदीश अपने बेटे का मैदान पर खेल देखे बिना ही घर लौट आए.
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जगदीश ने PTI से बात करते हुए कहा कि मेरी पत्नी और मेरी बेटी मानसी मानव का डेब्यू मैच देखने आए थे. उन्होंने बताया कि बेटे को टेस्ट कैप पहनते हुए देख उन्हें कैसा लगा, इसे वह शब्दों में नहीं बता सकते. उन्होंने कहा कि हालांकि आज वह घर लौट आए, क्योंकि स्टेडियम में बेटे को खेलते हुए लाइव देखने के दौरान वह सभी घबराए हुए थे और थोड़े अंधविश्वासी भी हो गए थे.
कड़ी मेहनत का नतीजा
जगदीश ने आगे कहा कि यह पूरी तरह से मानव की कड़ी मेहनत और प्रैक्टिस में बिताए गए समय का नतीजा है. वह सुबह ट्रेनिंग के लिए घर से निकलते थे और देर शाम लौटते थे. इसका श्रेय उन्हें और उनके बचपन के कोच धीरज शर्मा को जाता है. बढ़ती गर्मी के बीच भारत ने अपनी पहली पारी 564/8 पर घोषित कर दी. वाशिंगटन सुंदर ने बिना किसी दबाव के अर्धशतक लगाया और सुथार (41 गेंदों पर 28 रन) के साथ मिलकर 54 अहम रन जोड़े.
दूसरे दिन का दिन का खेल खत्म होने तक अफगानिस्तान की टीम 113/5 के स्कोर पर संघर्ष कर रही थी और सुथार ने 15.5 ओवर में 21 रन पर तीन विकेट ले लिए हैं. अपनी पहली टेस्ट पारी में छोटी लेकिन शानदार शुरुआत के बाद सुथार ने टी ब्रेक से ठीक पहले आखिरी ओवर फेंकने के लिए बुलाए जाने पर तुरंत अपना जलवा दिखाया. सुथार ने ओपनर अब्दुल मलिक को आउट किया. इसके बाद रहमानुल्लाह गुरबाज और अफजर जजई का शिकार किया.
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