टीम इंडिया के धाकड़ तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को अफगानिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए शामिल किया गया है. श्रीलंका दौरे पर टेस्ट सीरीज के दौरान अनफिट रहने वाले बुमराह अभी तक पूरी तरह से फिट नहीं हुए हैं. उनको सब्जेक्ट टू फिटनेस के आधार पर टीम इंडिया में शामिल किया गया है. अब मीडिया के जरिए रिपोर्ट सामने आई है कि बुमराह रणजी ट्रॉफी के मैच खेलते नजर आ सकते हैं और उनको लेकर बोर्ड बड़ा प्लान सोच रहा है.
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जसप्रीत बुमराह के घुटने में है समस्या
जसप्रीत बुमराह इंग्लैंड दौरे पर इंजर्ड हो गए थे. लॉर्ड्स में होने वाले तीसरे वनडे से पहले बुमराह के बाएं घुटने में इंजरी हुई और सूजन आ गई थी. इसके बाद से लेकर अभी तक बुमराह क्रिकेट के मैदान से दूर हैं और बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में वह रिकवरी कर रहे हैं. 13 सितंबर से अफगानिस्तान के खिलाफ शुरू होने वाली टी20 सीरीज के लिए उनको टीम इंडिया में शामिल किया गया है. लेकिन उससे पहले बुमराह को मैच फिटनेस हासिल करनी होगी. जिसके बिना उनका खेलना मुमकिन नहीं होगा. हालांकि माना जा रहा है कि बुमराह अब 13 सितंबर तक पूरी तरह से फिट होकर टी20 मैच खेलते नजर आएंगे.
बुमराह को खेलना होगा फर्स्ट क्लास मैच
बुमराह टी20 मैच के लिए तो अफगानिस्तान के खिलाफ सीरीज तक फिट हो जाएंगे. लेकिन रेड बॉल के लिए फिटनेस साबित करना भी उनके सामने एक बड़ा चैलेंज होगा. टीम इंडिया को नवंबर माह में न्यूजीलैंड दौरे पर दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेलनी है. इससे पहले बोर्ड का प्लान है कि बुमराह को कुछ रणजी ट्रॉफी के मैच अपने घर पर खेलने चाहिए या फिर वह इंडिया ए के न्यूजीलैंड दौरे पर भी जा सकते हैं. जिससे बुमराह को न्यूजीलैंड में होने वाली टेस्ट सीरीज से पहले रेड बॉल के मैच की फिटनेस भी हासिल हो सकती है और वह अपनी रिदम भी पा सकते हैं.
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बुमराह को कब-कब रेस्ट दिया जा सकता है ?
बुमराह को लेकर रिपोर्ट में आगे बताया गया कि वेस्टइंडीज के खिलाफ घर पर उनको टी20 सीरीज में रेस्ट दिया जाएगा. जबकि फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अपने घुटने के लोड को चेक करने के लिए वो न्यूजीलैंड दौरे पर भी जा सकते हैं. जबकि अगले माह से शुरू होने वाली रणजी ट्रॉफी 2026-27 सीजन के कुछ मैचों में भी खेलते नजर आ सकते हैं. बुमराह ने भारत के लिए पिछला टेस्ट मैच पिछले साल नवंबर माह में खेला था और इसके बाद से अभी तक वो एक भी टेस्ट नहीं खेल सके हैं. यही कारण है कि बोर्ड उनको अंतरराष्ट्रीय मैच से पहले साइड के मैचों में मौका देना चाहता है, जिससे वो पूरी तरह से तैयार हो सकें.
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