भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज ने स्वीकार किया कि दो महीने के आराम के बाद उन्हें श्रीलंका दौरे में अपनी गति और लय हासिल करने के लिए संघर्ष करना पड़ा था, लेकिन दलीप ट्रॉफी में लंबे स्पेल करने से उन्हें अपनी लय हासिल करने में मदद मिली है. सिराज श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैच की सीरीज के दौरान अपनी पुरानी फॉर्म में नहीं दिखे थे. वह लय हासिल नहीं कर पा रहे थे और उनकी गति भी काफी कम हो गई थी. सिराज ने इस सीरीज की चार पारियों में केवल 44 ओवर किए थे.
ADVERTISEMENT
दलीप ट्रॉफी 2026 जीतने के बाद इशान किशन की वैभव सूर्यवंशी को लेकर भविष्यवाणी
सिराज ने दलीप ट्राफी फाइनल के बाद मीडिया से बातचीत में कहा कि दो महीने के ब्रेक के बाद सीधे मैच खेलना आसान नहीं था.वह पूरी तरह से लय हासिल नहीं कर पाए थे.वह ऐसा गेंदबाज हैं जो पूरी तरह से लय पर निर्भर हैं. अगर वह लय में नहीं हैं तो अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन नहीं कर सकते.उन्होंने कहा कि श्रीलंका में यही उनकी समस्या थी.वह अपने रनअप से तालमेल नहीं बिठा पा रहे थे. उनके कुछ कदम बहुत छोटे थे, कुछ बहुत लंबे. इससे उनकी लय टूट गई और उनकी गति धीमी हो गई.
दलीप ट्रॉफी के फाइनल में 41 ओवर
अफगानिस्तान के खिलाफ आठ जून को समाप्त हुए इकलौते टेस्ट मैच के बाद 32 साल के सिराज ने दो महीने का ब्रेक लिया और फिर भारत के श्रीलंका दौरे के लिए टीम में शामिल हुए. इस दौरे की शुरुआत सात अगस्त को एसएलसी एकादश के खिलाफ मैच से हुई. सिराज ने हालांकि ईस्ट जोन और साउथ जोन के बीच खेले गए दलीप ट्रॉफी के फाइनल में 41 ओवर किए और इस दौरान अपनी लय हासिल की. उन्होंने कहा कि यहां सब कुछ सही हो गया है और वह अपनी पुरानी गति से गेंदबाजी करने लग गये हैं. यह बहुत मुश्किल था. वह सीधे श्रीलंका से आए थे, जहां उन्होंने दूसरे टेस्ट (कोलंबो में) में तीन दिन से अधिक समय तक फील्डिंग की थी. इसके बाद उन्हें एक सप्ताह के अंदर चेन्नई की भीषण गर्मी में खेलना पड़ा.
सिराज ने कहा कि लेकिन उनके लिए यह जुनून पर निर्भर करता है.दलीप ट्रॉफी के फाइनल की पहली पारी में सिराज की ईस्ट जोन के बल्लेबाजों ने जमकर धुनाई की. सिराज ने 25 ओवरों में 140 रन लुटाए और उन्हें विकेट लेने के लिए दूसरी पारी तक इंतजार करना पड़ा. हालांकि वह इसे लेकर टेंशन में नहीं हैं.उन्होंने कहा कि भले ही उन्हें विकेट न मिले हों, लेकिन उनकी यह मेहनत इंटरनेशनल स्तर पर रंग लाएगी. वह अपनी लय हासिल करने के लिए ही इस मैच में खेले. इससे उन्हें काफी फायदा मिला है.
ADVERTISEMENT











