नई दिल्ली। पूर्व भारतीय कप्तान एमएस धोनी ने 2020 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की. आज तक, वह सबसे सफल भारतीय कप्तानों में से एक हैं, खासकर सीमित ओवरों के सर्किट में. धोनी हमेशा से ही अपनी कप्तानी और फैसलों के लिए जाने जाते थे. ऐसे में हर कोई धोनी का मुरीद है लेकिन अब इस लिस्ट में एक ऐसा नाम भी जुड़ गया है जो कभी टीम इंडिया का कोच हुआ करता था. जी हां धोनी ने पूर्व भारतीय मुख्य कोच और ऑस्ट्रेलियाई महान ग्रेग चैपल को भी अपने टैलेंट से प्रभावित किया है. चैपल 2005-07 के बीच भारतीय कोच थे और उन्होंने उस समय धोनी को ट्रेनिंग भी दी थी. ऐसे में आज चैपल ने धोनी को लेकर काफी बड़ी बात कही है.
ADVERTISEMENT
धोनी का दिमाग सबसे तेज
चैपल ने एक कॉलम में लिखा है कि, जब मैं टीम इंडिया को कोचिंग दे रहा था तब धोनी नए थे लेकिन वो तेजी से ऊपर उठ रहे थे. उन्होंने ये भी कहा कि, आज कल के युवा क्रिकेटरों को यहां धोनी से सीख लेनी चाहिए. क्योंकि हमेशा से ही ऐसा होता आ रहा है कि, युवा खिलाड़ी अक्सर अनुभवी खिलाड़ियों से सीखते हैं. चैपल ने आगे कहा कि, एमएस धोनी के साथ मैंने भारत में काम किया. धोनी एक ऐसे बल्लेबाज का उदाहरण हैं जिन्होंने अपनी प्रतिभा विकसित की और अलग अंदाज में खेलना सीखा. अपने शुरुआती दिनों में अलग-अलग तरह की पिचों और अनुभवी लोगों के सामने खेलकर धोनी ने फैसले लेने और रणनीति बनाने की कला तैयार की. इसके चलते वह अपने कई साथियों से अलग थे. वह जिनसे भी मिला हूं उनमें से उसका दिमाग सबसे तेज था.
जॉन राइट और सौरव गांगुली के नेतृत्व में, धोनी ने 2004 में डेब्यू किया. हालांकि, यह कहा जा सकता है कि महान विकेटकीपर-बल्लेबाज राहुल द्रविड़ के नेतृत्व और चैपल के मार्गदर्शन में फलने-फूलने लगा. भारत के आईसीसी विश्व कप 2007 अभियान के बाद, उन्हें भारत का टी20 अंतर्राष्ट्रीय कप्तान बनाया गया जिसके बाद उन्होंने ठीक उसी साल वर्ल्ड कप जीतकर एक नया इतिहास बना दिया. धोनी ने साल 2020 में संन्यास का ऐलान कर दिया था.
ADVERTISEMENT