नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम ने उस वक्त नए दौर की शुरुआत की जब टीम ने साउथ अफ्रीका के साथ वनडे सीरीज खेली. इस सीरीज में पहली बार ऐसा था जब टीम की कमान विराट के हाथों में नहीं थी. नतीजा ये रहा कि, टीम को तीनों मैचों में हार मिली और अफ्रीका ने सीरीज अपने नाम कर लिया. विराट ने पहले टी20 की कप्तानी छोड़ी तो वहीं बाद में बोर्ड ने उनसे वनडे की भी कप्तानी ले ली. लेकिन ऐसा क्या हुआ था कि विराट को टेस्ट कप्तानी को भी अलविदा कहना पड़ा. ऐसे में टीम इंडिया के पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह ने स्पोर्ट्स तक से एक्सक्लूसिव बातचीत में इसी मुद्दे को लेकर बड़ा खुलासा किया है. हरभजन ने यहां विराट का समर्थन भी किया और उन मुद्दों पर भी बात रखी जिसने विराट को परेशान कर रखा था.
ADVERTISEMENT
कप्तानी छोड़ने से टीम को हुआ नुकसान
भज्जी ने अपने इंटरव्यू में कहा कि, विराट कोहली के कप्तानी छोड़ने के बाद टीम को झटका लगा है. दौरे के बीच में उनके कप्तानी छोड़ने से टीम को नुकसान पहुंचा है. रवि शास्त्री के स्पोर्ट्स तक को दिए गए इंटरव्यू का जिक्र करते हुए हरभजन ने कहा कि, शास्त्री ने कहा था कि लोगों को हजम नहीं होता अगर विराट और टेस्ट खेलते और जीतते. ऐसे में मुझे नहीं पता कि उन्होंने किसपर निशाना साधा लेकिन अगर ऐसा होता तो एक भारतीय के रूप में हमें गर्व महसूस होता. मैं चाहता था कि विराट कप्तानी में एक ऐसा रिकॉर्ड बनाते कि अगर कोई दूसरा कप्तान आता तो उसे एक बार नहीं बल्कि दो बार कप्तानी करनी पड़ती.
विराट वो जानते थे जो हमें नहीं पता था
भज्जी ने कहा कि, वनडे और टी20 की कप्तानी के बाद विराट पर पूरी तरह दबाव था. अगर वो सीरीज नहीं जीतते तो उनपर सवाल खड़े होते. ऐसे में विराट ने ये पहले ही भांप लिया था और इसलिए उन्होंने कप्तानी छोड़ दी. विराट एक बड़े खिलाड़ी हैं और कई बार ऐसा लगता है कि आपको कोई नीचे करने की कोशिश कर रहा है तो ऐसे में आप पीछे हट जाते हैं. मुझे नहीं पता कि विराट के साथ कौन खड़ा था और कौन नहीं ये तो टीम के खिलाड़ी ही बता सकते हैं. हालांकि बोर्ड ने कहा था कि उन्होंने विराट पर कोई दबाव नहीं बनाया था. विराट ने जब तक कप्तानी की उनका रिकॉर्ड शानदार रहा लेकिन विराट को कुछ तो पता था जो हमें और आपको नहीं पता था, इसलिए उन्होंने पीछे हटने का फैसला किया.
विराट का विकल्प मिलना मुश्किल
भज्जी ने विराट को लेकर आगे कहा कि, चाहे कोई भी कप्तान रहा है क्रिकेट हमेशा आगे बढ़ी है. एक खिलाड़ी और एक कप्तान के साथ टीम नहीं चलती है. विराट आज हैं, कल नहीं होंगे लेकिन टीम आगे बढ़ेगी. खिलाड़ी आएंगे और जाएंगे और सबकुछ पीछे छूट जाएगा. आपको सबकुछ भूल जाना चाहिए. आपको एक खिलाड़ी के तौर पर अब विराट का समर्थन करना चाहिए. विराट का विकल्प ढूंढना मुश्किल है. लेकिन हां सचिन जब खेल रहे थे तब विराट को कोई नहीं जानता था लेकिन आज सबकुछ बदल गया है. ऐसे में आने वाले समय में भी सबकुछ बदल जाएगा और हम किसी और याद करने लगेंगे.
ADVERTISEMENT